बिहार के शिक्षण संस्थानों में मुफ्त वाई-फाई


बिहार की नीतीश सरकार के महत्वकांक्षी सात निश्चय के आर्थिक हल, युवाओं को बल के तहत राज्य के कुल 319 शिक्षण संस्थानों में नि:शुल्क वाई-फाई सेवा उपलब्ध करायी जाएगी। सूचना एवं प्रावैधिकी विभाग ने यहां बताया कि सरकार राज्य के कुल 319 शिक्षण संस्थानों में नि:शुल्क वाई-फाई सेवा उपलब्ध करायेगी, जिनमें विश्वविद्यालय, महाविद्यालय, इंजीनियरिंग कॉलेज, मेडिकल कॉलेज, कृषि महाविद्यालय एवं अन्य संस्थान शामिल हैं।

इससे युवाओं को इंटरनेट के जरिए प्रतिदिन नई-नई जानकारियां प्राप्त होंगी, जो उन्हें रोजगारोन्मुखी शिक्षा प्रदान करने में सहायक होंगी। यह परियोजना 245.53 करोड़ रुपये की लागत से पांच वर्ष के लिए स्वीकृत की गई है। नि:शुल्क वाई-फाई सेवा 308 संस्थानों में प्रदान की जा रही है एवं भविष्य में इसका विस्तार आवश्यकता के आधार पर छूटे हुए तथा नये संस्थानों में किया जाएगा।

इस परियोजना के तहत प्रत्येक महाविद्यालय में करीब 15 हॉटस्पॉट तथा प्रत्येक विश्वविद्यालय में 40 हॉटस्पॉट इंस्टॉल किये जाएंगे। इसके प्रत्येक एक्सेस प्वॉइंट से एक बार में 100 से 200 छात्र नेटवर्क का इस्तेमाल कर सकते हैं। विभाग ने बताया कि प्रत्येक कैंपस में न्यूनतम 10 मेगाबाइट प्रति सेकेंड (एमबीपीएस) बैंडविड्थ उपलब्ध कराया जा रहा है जबकि बड़े संस्थानों में 20 एमबीपीएस का प्रावधान किया गया है। प्रत्येक यूजर के लिए डाउनलोड करने की मासिक सीमा निर्धारित की जाएगी ताकि सभी विद्यार्थियों को बेहतर सेवा का लाभ मिल सके।

प्रारंभिक तौर पर यह सीमा तीन गीगाबाइट (जीबी) रखी जा रही है। नेटवर्क से जुडऩे के लिए छात्रों, शिक्षकों, कर्मचारियों के लिए अलग-अलग प्रक्रिया निर्धारित की गई है। इसके अलावा सुरक्षित लॉगइन तथा प्रत्येक आधे घंटे में स्वत: लॉगआउट होने की व्यवस्था की गई है। विश्वविद्यालय के स्तर पर एक सुपरवाइजर एवं उसके अधीन एक तकनीशियन की व्यवस्था की गई है।

प्रत्येक संस्थान में इस्तेमाल किये गये बैंडविड्थ एवं डाउनटाइम को सिस्टम द्वारा रिकॉर्ड किया जा सकता है तथा वास्तविक स्थिति के आधार पर भुगतान किया जाएगा। विभाग ने बताया कि सरकार राजधानी पटना एवं बोधगया में सिटी वाईफाई सेवा उपलब्ध कराने पर विचार कर रही है। इसके अलावा सभी जिलों के समाहरणालयों, विकास भवन, पुलिस मुख्यालय में वाई-फाई सेवा उपलब्ध कराने की योजना बनाई जा रही है।