चुनावी मिशन की अंतिम रणनीति


रायपुर : छत्तीसगढ़ में सत्ताधारी दल भाजपा के चुनावी मिशन की राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह टोह लेंगे। इस दौरान वे छत्तीसगढ़ में मैराथन कवायदों के साथ सत्ता और संगठन की टोह लेंगे। इस दौरान पार्टी के आला नेताओं से चर्चा कर चुनावी तैयारियों को अंतिम रूप देंगे। सूत्रों की मानें तो इस दौरान चुनावी मिशन को लेकर सत्ताधारी दल का चुनावी ब्लू पिं्रट भी तैयार होगा। छत्तीसगढ़ में चौथी पारी में सत्ता की चुनौतियों से निपटने नए सिरे से रणनीतियों पर कवायदें शुरू होगी।

इस दौरान सभी 90 सीटों की स्थितियों और जमीनी हकीकतों पर संबंधित नेताओं से पूरा फीड बैक लिया जाएगा। शाह की मौजूदगी से भाजपा में राजनीतिक सरगर्मियां उफान पर होगी। राज्य में करीब तीन दिनों तक वे संभावनाओं को टटोलने के साथ मौजूदा स्थिति की थाह नापेंगे। माना जा रहा है कि इस मामले में वे सभी सीटों के समीकरणों को लेकर राज्य के नेताओं से ब्यौरा ले सकते हैं। इसके अलावा अब तक तैयारियों के मामले में संगठन की समीक्षा भी करेंगे। साथ ही वे प्रदेश में नए सिरे से दिशा-निर्देश देंगे।

इसके अलावा केन्द्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं को आम लोगों तक पहुंचाने के लिए भी निर्देशित कर सकते हैं। आगामी विधानसभा चुनाव में भाजपा की ओर से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का चेहरा ही सामने होगा। यही वजह है कि सरकार की ओर से तैयारियां चल रही है। योजनाओं के क्रियान्वयन के साथ उपलब्धियां और लक्ष्य प्राप्ति को लेकर भी अमित शाह पूरा ब्यौरा लेंगे।

अमित शाह 8 जून की सुबह राजधानी पहुंचने के बाद बैठकों में व्यस्त हो जाएंगे। इस दौरान वे सत्ता और संगठन की अलग-अलग बैठकें लेंगे। मुख्यमंत्री रमन सिंह एवं मंत्रियों के साथ उनकी अलग बैठक होगी। इस बैठक में दिए जाने वाले निर्देश ही महत्वपूर्ण होंगे। मंत्रियों के कामकाज के ब्यौरे के साथ पूरी समीक्षा होगी। वहीं कमजोर परफार्मेंस वाले मंत्रियों को कामकाज में सुधार लाने की हिदायत भी मिल सकती है। भाजपा के अलावा प्रदेश के राजनीतिक नजरिए से भी शाह के दौरे को अहम माना जा रहा है।