जीएसटी: अब करों के मकड़जाल से दिलाएगा निजात


नई दिल्ली: कॉन्फेडरेशन आफ इंडिया ट्रेडर्स (कैट) ने विभिन्न राज्यों के प्रमुख व्यापारिक नेताओं के सम्मेलन में दिन भर चली बैठक के दौरान, व्यापारियों द्वारा वस्तु एवं सेवा कर व्यवस्था को तेजी से अपनाए जाने का स्वागत मनाया। व्यापारियों ने जीएसटी को आर्थिक लोकतंत्र की दिशा में उठाया गया पहला ठोस कदम बताया जिससे व्यापारियों को विभिन्न ऑथेरिटियों एवं कई करों के मकडज़ाल से निजात मिली है, हालांकि साथ ही, व्यापार जगत के नेताओं ने जीएसटी परिषद से आग्रह किया है कि विभिन्न टैक्स स्लैबों में असमानता, विसंगतियों और विरोधाभासों को दूर किया जाए। प्रक्रियाओं को सरल और आसान बनाया जाए ताकि जीएसटी कर व्यवस्था के तहत एकजुट तरीके से स्वैच्छिक अनुपालन को बढ़ावा मिल सके।

कुल 23 राज्यों के व्यापारिक नेताओं ने इस बैठक में भाग लिया जीएसटी: अब करों के मकड़जाल से दिलाएगा निजातऔर एकमत के साथ सरकार से जिला स्तर पर वरिष्ठ अधिकारियों और व्यापार जगत के प्रतिनिधियों को शामिल करते हुए जीएसटी समन्वय समिति बनाने के लिए आग्रह किया। कैट के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री बी.सी. भारतीया और महासचिव श्री प्रवीण खंडेलवाल ने देश भर में वर्तमान स्थिति का आकलन करते हुए कहा- हम छोटे शहर में जीएसटी कराधान प्रणाली में संक्रमण के लिए व्यापारियों को सब्सिडी या प्रोत्साहन दिए जाने के प्रावधानों की सिफारिश करते हैं क्योंकि उनके द्वारा प्रौद्योगिकी संचालित व्यापार प्रक्रियाओं को तेजी से अपनाया जाना आवश्यक है और इसके लिए उन्हें अपना समय और पैसा दोनों ही का निवेश करना आवश्यक है।

इसी तरह, देश भर में 9 महीने की अंतरिम अवधि का प्रावधान, व्यापारियों के बीच दंड के डर को कम करने और नई प्रौद्योगिकियों को सीखने पर ध्यान केन्द्रित करने की दिशा में बेहद प्रेरणादायक साबित होगा और साथ ही भारतीय अर्थव्यवस्था में उनकी कड़ी मेहनत के योगदान को भी नुकसान से बचाया जा सकेगा।

(दिनेश शर्मा)

log in

reset password

Back to
log in
Choose A Format
Poll
Voting to make decisions or determine opinions
Story
Formatted Text with Embeds and Visuals
List
The Classic Internet Listicles
Video
Youtube, Vimeo or Vine Embeds
Thanks for loving our story. Like our Facebook page to get more stories.

Send this to a friend