मोदी ने टैक्स चोरी मामले में चार्टर्ड एकाउंटेंट पर सामाजिक सोच को खोलकर रख दिया


नई दिल्ली: आईसीएआई के स्थापना दिवस कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जीएसटी समेत कई मुद्दों पर खुलकर बोले। इस दौरान वह देश के चार्टर्ड अकाउंटेंट्स को बहलाते, समझाते, चेताते और फिर रास्ता दिखाते नजर आए। पीएम मोदी ने टैक्स चोरी के मामले में चार्टर्ड एकाउंटेंट पर सामाजिक सोच को खोलकर रख दिया। पीएम ने कहा कि नोटबंदी के बाद क्लाइंट का काला धन सफेद करने के लिए चार्टड एकाउंटेंट (सीए) छुट्टी छोड़कर लौटे थे। इस मौके पर उन्होंने बताया कि नोटबंदी के बाद करीब 3 लाख कंपनियां शक के घेरे में हैं। गड़बड़ी करने वाली 1 लाख कंपनियों पर ताला लग गया है।

मोदी ने कार्यक्रम में मौजूद सीए से कहा कि मेरी और आपकी देशभक्ति में कोई अंतर नहीं है। जनता देश को संकट से उबार देती है, लेकिन अगर उस देश में कुछ लोगों को चोरी करने की आदत पड़ जाए, तो वह देश कभी नहीं उठ पाता। सारे सपने टूट जाते हैं और विकास रुक जाते हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों के खिलाफ सरकार ने कई कानून बनाए हैं और पुराने कानूनों को सख्त किया गया है। उन्होंने कहा कि भारतीयों द्वारा जमा राशियां अब तक के रिकॉर्ड में सबसे नीचे स्तर पर पहुंच गई है। एनडीए सरकार के आने के बाद स्विस बैंकों में जमा भारतीयों के कालेधन में 45 फीसदी की कमी आई है, जबकि साल 2013 में विदेशों में जमा कालेधन में 42 फीसदी इजाफा हुआ था। यह कालेधन के खिलाफ कार्रवाई का नतीजा सामने है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि स्वच्छ भारत अभियान के साथ साथ उनकी सरकार भारतीय अर्थव्यवस्था को भी स्वच्छ करने में लगी हुई है और देश को लूटने वालों के खिलाफ सख्ती की जा रही है। उन्होंने सीए समुदाय को कड़ा संदेश देते हुए कहा कि उन्होंने उनसे सवाल किया कि अबतक गड़बड़ी के मामले में समुदाय के केवल 25 सदस्यों के खिलाफ कार्रवाई ही क्यों हुई है जबकि 1400 से अधिक मामले सालों से लंबित हैं।

उन्होंने कहा कि अवैध लेनदेन करने वाले लोगों की पहचान करनी होगी. देश में दो करोड़ से ज्यादा इंजीनियर और मैनेजर हैं। साल में दो करोड़ से ज्यादा लोग विदेशी दौरे पर गए। हर साल करोड़ों की संख्या में गाड़ियां खरीदी जाती हैं, लेकिन सिर्फ 32 लाख लोग ही अपनी कमाई 10 लाख रुपये से ज्यादा बताते हैं, जो हकीकत नहीं है। उन्होंने कहा कि पिछले 11 साल में सिर्फ 25 सीए के खिलाफ कार्रवाई हुई। उन्होंने सवाल किया कि क्या इतने समय में सिर्फ 25 सीए ने ही गड़बड़ी की, देश के लोग चोरी करने लगे, तो विकास रुक जाता है। देश के खजाने में अपनी जिम्मेदारी को जोड़ना होगा। गैर कानूनी काम में शेल कंपनियों की किसी न किसी सीए ने मदद की होगी।

मोदी ने कहा कि जीएसटी को लागू करवाने और नये दिवालिया कानून में भी सीए की बड़ी भूमिका है। नए भारत के निर्माण में सीए समुदाय की बड़ी जिम्मेदारी है क्योंकि वे भारतीय अर्थव्यवस्था के एक महत्वपूर्ण स्तंभ हैं। उन्होंने कहा, ”जिस तरह वकीलों ने स्वाधीनता संग्राम में अग्रणी भूमिका निभायी, उसी तरह की भूमिका सीए समुदाय को भारतीय अर्थव्यवस्था को वृद्धि के पथ पर ले जाने में निभाना चाहिए। मैं इसकी अपील करता हूं।”