ISRO के पूर्व अध्यक्ष यू आर राव का निधन, पीएम ने जताया दुःख


जाने माने अंतरिक्ष वैज्ञानिक और भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) के पूर्व अध्यक्ष यू आर राव का निधन हो गया। राव को दिल की बीमारी की वजह से अस्पताल में भर्ती कराया गया था। रामचंद्र राव के निधन पर पीएम नरेन्द्र मोदी ने दुख जताया। उन्होंने ट्विटर पर लिखा कि भारत के अंतरिक्ष की दुनिया में राव का योगदान कभी भुलाया नहीं जा सकेगा।

प्राप्त जानकारी के मुताबिक राव ने कल देर रात करीब 2;30 अंतिम सांस ली। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार वह उम्र संबंधी बीमारियों से परेशान थे और उन्होंने आज सुबह अपने आवास पर आखिरी सांस ली। राव के परिवार में उनकी पत्नी, एक बेटा और एक बेटी हैं।” राव को पूरे विश्व में उनके काम के लिए जाना जाता है। वे इसरो के कई सफल प्रक्षेपणों का हिस्सा रहे हैं।

आर्यभट्ट से मंगल ग्रह के मिशन तक राव ने इसरो की कई परियोजनाओं पर काम किया है। आपको बता दें कि यू आर राव के नेतृत्व में ही 1975 में पहले भारतीय उपग्रह ‘आर्यभट्ट’ से लेकर 20 से अधिक उपग्रहों को डिजाइन किया गया और सफलता पूर्वक प्रक्षेपित किया गया। राव ने भारत में प्रक्षेपास्त्र प्रौद्योगिकी का विकास भी तेज किया, जिस वजह से 1992 में एएसएलवी का सफल प्रक्षेपण किया गया।

राव को उनके उत्कृष्ठ काम के लिए इस साल जनवरी में ‘पद्म विभूषण’ प्रदान किया गया था। भारतीय अंतरिक्ष तकनीक में उनके योगदान के लिए उन्हें वर्ष 1976 में पद्म भूषण और 2017 पद्म विभूषण से भी सम्मानित किया गया था। कर्नाटक में उडुपी जिले के अडामारू क्षेत्र में जन्मे राव 1984 से 1994 के बीच उन्होंने दस साल के लिए इसरो के अध्यक्ष के रूप में भी अपनी सेवाएं दीं।