भाजपा नेता पर बलात्कार के प्रयास का मुकदमा


FIR

खटीमा: उत्तराखण्ड में उधमसिंह नगर जिले की खटीमा कोतवाली पुलिस ने भाजपा के एक वरिष्ठ नेता के खिलाफ अवैध वसूली तथा बलात्कार करने के प्रयास का मुकद्मा दर्ज किया है। खटीमा कोतवाली प्रभारी चंचल शर्मा ने बताया कि खटीमा के पूर्व ब्लाक प्रमुख व पूर्व सांसद प्रतिनिधि देवेन्द्र चंद के विरूद्ध एक महिला से बलात्कार करने का प्रयास तथा जान से मारने की धमकी व धोखाधड़ी करने इत्यादि वाली संगीन धाराओं में पुलिस ने मुकद्मा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। खटीमा के ग्राम मुण्डेली निवासी एक महिला ने भाजपा के दिग्गज नेता देवेन्द्र चंद पर आरोप लगाया है कि उसके साथ बलात्कार करने का प्रयास किया गया है साथ ही जुबान खोलने पर जान से मारने की धमकी दी गई है। महिला ने यह भी आरोप लगाया है कि आरोपी द्वारा उसके रिश्तेदार बसन्त गिरी के पुत्र को सहकारिता विभाग में स्थाई नौकरी करने के एवज में 7 लाख रूपये की अवैध वसूली भी की है।

श्री शर्मा ने बताया कि आरोपी देवेन्द्र चंद के खिलाफ मुकद्मा दर्ज कर जांच प्रारम्भ कर दी है। तीन माह पूर्व छोड़ भाजपा में शामिल हुए दिग्गज नेताओं में गिने जाने वाले देवेन्द्र चंद वर्ष 2012 में खटीमा विधानसभा सीट से कांग्रेस की टिकट पर चुनाव भी लड़ चुके हैं तथा खटीमा विकासखण्ड में ब्लाक प्रमुख व सांसद प्रतिनिधि के दायित्वों का निर्वहन भी कर चुके हैं। गत माह भी आरोपी देवेन्द्र चंद पर क्षेत्र के एक राइस मिलर राजेश राणा से रंगदारी मांगने का उनके खिलाफ मुकदमा लिखने का प्रार्थना पत्र दिया था। सूत्रों के अनुसार राणा द्वारा पुलिस को तहरीर देने के चंद घंटे बाद ही राइस मिलर के प्रतिष्ठान पर खटीमा के उपजिलाधिकारी ने छापाकर तमाम अनियमितताऐं निकाल श्री राणा पर तहरीर वापिस लेने का दबाब बनाया था जिस वजह से राणा ने अगले दिन तहरीर वापिस ले ली।

श्री राणा से देवेन्द्र चंद द्वारा मांगी गई रंगदारी की आडियो रिकॉर्डिग में कांग्रेस छोड़ भाजपा में शामिल हुए राज्य सरकार के एक मंत्री का नाम भी शामिल होने के कारण गत सप्ताह प्रतिपक्ष कांग्रेसी नेता श्रीमती इंदिरा हृदेयश ने इस प्रकरण की उत्तराखण्ड विधानसभा के समक्ष रख यह मुद्दा भी उठाया है। पुलिस ने महिला का मेडिकल करा, उसके घर पर लगे सी.सी.टी.वी फूटेज तथा अन्य साक्ष्य अपने कब्जे में ले लिये हैं। देवेन्द्र चंद मामले की प्राथमिकी दर्ज होने के बाद से ही फरार है।

– राजेश छाबड़ा