स्मिथ से बड़े कप्तान है विराट : लक्ष्मण


नई दिल्ली : विश्व क्रिकेट में इस समय दो दिग्गज बल्लेबाजों और कप्तानों विराट कोहली और स्टीव स्मिथ की प्रतिद्वंद्विता की जबर्दस्त चर्चा है तथा इस बात को लेकर लगातार बहस चलती रहती है कि इनमें सर्वश्रेष्ठ कौन है। भारत के कप्तान विराट और आस्ट्रेलिया के कप्तान स्मिथ की तुलना पर पूर्व भारतीय बल्लेबाज वीवीएस लक्ष्मण ने मंगलवार को स्पष्ट तौर पर कह दिया कि विराट स्मिथ से बड़े कप्तान है जबकि आस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान माइकल क्लार्क ने कहा कि विराट वनडे में स्मिथ से बेहतर कप्तान हैं लेकिन टेस्ट में स्मिथ ज्यादा बेहतर कप्तान हैं।

भारत और आस्ट्रेलिया के बीच 17 सितम्बर से शुरु होने वाली सीरीज ओवरों की सीरीज के लिए यहां आयोजित एक परिचर्चा में लक्ष्मण ने कहा, विराट आस्ट्रेलिया के स्मिथ से बेहतर कप्तान हैं। विराट आक्रामक और सकारात्मक सोच वाले कप्तान है जो अपने संसाधानों का बखूबी इस्तेमाल करना जानते हैं। वह मैदान पर काफी निर्मम है और इस बात को उन्होंने श्रीलंका में 9-0 की क्लीन स्वीप से साबित किया है। क्लार्क ने कहा, विराट निश्चित रूप से वनडे में स्मिथ से बेहतर हैं। लेकिन टेस्ट में स्मिथ उनसे ज्यादा अच्छे कप्तान है। वैसे बहुत कुछ इस बात पर भी निर्भर करेगा कि आगामी सीरीज में दोनों का कप्तान के रूप में कैसा प्रदर्शन रहता है। स्मिथ को खुद को बेहतर साबित करने के लिए इस सीरीज को जीतना होगा।

क्लार्क ने भारतीय क्रिकेट में आई आक्रामकता का श्रेय पूर्व कप्तान सौरभ गांगुली को देते हुए कहा, गांगुली की अपनी शैली थी और वह काफी आक्रामक थे। उनके इस शैली को अनिल कुंबले, महेंद, ङ्क्षसह धेानी और अब विराट कोहली आगे बढ़ा रहे हैं। विराट अपने आक्रामक रवैये और खेल से अपनी टीम का नेतृत्व कर रहे हैं। यही कारण है कि भारतीय टीम इस समय लगातार मैच जीत रही है। लक्ष्मण ने कहा, ये दोनों मौजूदा समय में न केवल जबर्दस्त बल्लेबाज हैं बल्कि शानदार कप्तान भी है। यही कारण है कि दोनों में पिछली टेस्ट सीरीज में जबर्दस्त टकराव देखने को मिला था और वनडे सीरीज में इससे इन्कार नहीं किया जा सकता है। दोनों के बीच सीरीज में जबर्दस्त मुकाबला देखने को मिलेगा लेकिन साथ ही उन्हें खेल भावना का भी पूरा ध्यान रखना होगा। भारतीय वनडे टीम में दो अनुभवी स्पिनरों रविचंद्रन अश्विन और रविंद्र जडेजा को विश्राम दिये जाने के मुद्दे को लेकर उठी आलोचनाओं पर चयनकर्ताओं का बचाव करते हुए लक्ष्मण ने कहा, चयनकर्ताओं ने इन दोनों अनुभवी स्पिनरों को यह संकेत दिया होगा कि फिलहाल हम युवा स्पिनरों और खासतौर पर कलाई के स्पिनरों युजवेंद्र चहल तथा कुलदीप यादव को आजमा रहे हैं। मुझे नहीं लगता कि अश्विन और जडेजा को टीम से हटाने जैसी कोई बात है।

लक्ष्मण ने साथ ही कहा, इन दो अनुभवी स्पिनरों को विश्राम दिये जाने से यह पता लगता है कि टीम इंडिया के पास कितनी अच्छी बैंच ताकत है। युवराज सिंह जैसे धुरंधर बल्लेबाज को टीम में न चुने जाने पर लक्ष्मण ने इसी अंदाज में कहा कि युवराज के पास भी यही संदेश गया होगा कि युवा खिलाड़यिों को आजमाया जा रहा है। पूर्व बल्लेबाज ने कहा, भारत ने 2019 विश्वकप के मद्देनजर अपने संयोजन की तलाश शुरु कर दी है और इसकी शुरुआत श्रीलंका दौर में हो गई थी जहां कलाई के स्पिनरों को आजमाया गया था। अजिंक्या रहाणे के लिए लक्ष्मण ने कहा, शिखर धवन और रोहित शर्मा वापस अपनी फार्म में लौट चुके हैं और उन्होंने श्रीलंका में काफी अच्छा प्रदर्शन किया था। रहाणे शीर्षक्रम के बल्लेबाज हैं और मुझे लगता है कि वह टीम की योजनाओं में शामिल हैं। उनमें कप्तानी के गुण है जिसे उन्होंने धर्मशाला में आस्ट्रेलिया के खिलाफ टेस्ट मैच में साबित किया था। मौजूदा भारतीय टीम को बेहद संतुलित बताते हुए लक्ष्मण ने कहा, इस टीम की सबसे खास बात यही है कि यह विपक्षी टीम के बारे में न सोचकर खुद को सुधारने पर ध्यान लगाती है। टीम का पूरा फोकस खुद पर रहता है। टीम के लगातार जीतने का यही सबसे बड़ा कारण है।