BREAKING NEWS

उत्तर भारत में बारिश का कहर, हिमाचल, पंजाब, उत्तराखंड में 28 की मौत ◾PM मोदी की UAE, बहरीन की तीन दिवसीय यात्रा 23 अगस्त से ◾सोनिया को अनुच्छेद 370 पर अपनी राय स्पष्ट करनी चाहिए : शिवराज◾पाकिस्तानी सेना ने फिर किया संघर्षविराम का उल्लंघन, भारतीय सेना ने दिया मुहतोड़ जवाब ◾जब रात गहराती है : कश्मीर को सुरक्षित रखने के लिए जागे रहते हैं जवान◾गिलगित-बल्तिस्तान पर PAK ने समय-समय पर लिये फैसले◾कांग्रेस ने लद्दाख को उचित तवज्जो नहीं दी, इसीलिए चीन डेमचोक में घुसा : BJP सांसद नामग्याल ◾जेटली के स्वास्थ्य की जानकारी लेने और कई नेता पहुंचे AIIMS◾अभियान चलाकर भरे जाएं आरक्षण कोटे के खाली पद : मायावती◾तीन तलाक पर बोले शाह - समाज सुधारकों में लिखा जाएगा PM मोदी का नाम◾TOP 20 NEWS 18 August : आज की 20 सबसे बड़ी ख़बरें◾भूटान की दो दिवसीय यात्रा से वापस लौटे प्रधानमंत्री मोदी, विदेश मंत्री जयशंकर ने किया स्वागत ◾हुड्डा ने किया अनुच्छेद 370 हटाए जाने का समर्थन, कांग्रेस को बताया रास्ते से भटकी हुई पार्टी ◾महाराष्ट्र, हरियाणा और झारखंड में भाजपा के अपने मौजूदा मुख्यमंत्रियों के तहत चुनाव लड़ने की संभावना◾पूर्व वित्त मंत्री अरूण जेटली से मिलने AIIMS पहुंचे अरविंद केजरीवाल, ट्वीट कर कही ये बात◾जम्मू के सभी जिलों में मोबाइल इंटरनेट सेवाएं फिर से बंद◾राजनाथ सिंह की पाक को चेतावनी, बोले - बातचीत होगी तो सिर्फ POK पर◾PM मोदी बोले- भूटान के छात्रों में है असाधारण चीजें करने की शक्ति एवं क्षमता◾JDS के नेतृत्व वाली सरकार के दौरान हुए फोन टैपिंग केस को CBI को सौंपेंगी येदियुरप्पा सरकार◾हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश और भूस्खलन के कारण कई नेशनल हाईवे क्षतिग्रस्त◾

व्यापार

GDP आंकड़ों को बढ़ा-चढ़ाकर दिखाया गया : सुब्रमणियम

नई दिल्ली : पूर्व मुख्य आर्थिक सलाहकार अरविंद सुब्रमणियम ने कहा है कि आर्थिक वृद्धि (जीडीपी वृद्धित) की गणना के लिए अपनाए गए नए पैमानों के चलते 2011-12 और 2016-17 के बीच आर्थिक वृद्धि दर औसतन 2.5% ऊंची हो गयी गयी। उन्होंने हार्वर्ड विश्विद्यालय द्वारा प्रकाशित अपने शोध पत्र में कहा है कि भारत की सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) वृद्धि दर उपरोक्त अवधि में 4.5 प्रतिशत रहनी चाहिए जबकि आधिकारिक अनुमान में इसे करीब 7 प्रतिशत बताया गया है। 

सुब्रमणियम ने कहा कि भारत ने 2011-12 से आगे की अवधि के जीडीपी के अनुमान के लिए आंकड़ों के स्रोतों और जीडीपी अनुमान की पद्धति बदल दी है। इससे आर्थिक वृद्धि दर का अनुमान अच्छा-खासा ऊंचा हो गया। जीडीपी की नई श्रृंखला के तहत देश की आर्थिक वृद्धि को लेकर विवाद के बीच यह रिपोर्ट आयी है। तौर-तरीकों की समीक्षा मोदी सरकार के पहले कार्यकाल में हुई। उन्होंने कहा कि आधिकारिक अनुमान के अनुसार सालाना औसत जीडीपी वृद्धि 2011-12 और 2016-17 के बीच करीब 7 प्रतिशत रही। 

हमारा अनुमान है कि 95% विश्वास के साथ इसके 3.5 से 5.5 प्रतिशत के दायरे में मानते हुए इस दौरान जीडीपी की वास्तविक वृद्धि दर 4.5 प्रतिशत रही होगी। सुब्रमणियम लिखते हैं कि विनिर्माण एक ऐसा क्षेत्र है जहां सही तरीके से आकलन नहीं किया गया। वह पिछले साल अगस्त में आर्थिक सलाहकार पद से हटे। हालांकि उनका कार्यकाल मई 2019 तक के लिये बढ़ाया गया था। 

उन्होंने कहा कि इसका प्रभाव यह है, ‘‘वृहत आर्थिक नीति काफी बड़ी है। सुधारों को आगे बढ़ाने की गति संभवत: कमजोर हुई। आने वाले समय में आर्थिक वृद्धि को पटरी पर लाना प्राथमिकता में सबसे ऊपर होनी चाहिए....जीडीपी अनुमान पर फिर से गौर किया जाना चाहिए।’’