नई दिल्ली : सरकार ने सार्वजनिक क्षेत्र की दूरसंचार कंपनी एमटीएनएल को अपने कर्मचारियों के वेतन भुगतान के लिए 171 करोड़ रुपये का लंबित बकाया जारी किया है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बुधवार को यह जानकारी दी। वहीं एक अन्य सरकारी दूरसंचार कंपनी बीएसएनएल 20 मार्च तक अपने आंतरिक संसाधनों से कर्मचारियों के 850 करोड़ रुपये के वेतन बकाये का भुगतान करेगी। कर्मचारियों के प्रतिनिधियों ने बताया कि दोनों ही कंपनियां अपने कर्मचारियों के पिछले महीने के वेतन का भुगतान नहीं कर पाई हैं।

बीएसएनएल के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक अनुपम श्रीवास्तव ने कहा कि कंपनी को इस महीने आंतरिक संसाधनों से 850 करोड़ रुपये मिलने की उम्मीद है। इस पूरी राशि का इस्तेमाल कर्मचारियों के वेतन भुगतान पर किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इसके बाद वेतन का कोई बकाया नहीं बचेगा।

कंपनी ने अपने कर्मचारियों के प्रतिनिधियों को सूचित किया है कि उनके वेतन का भुगतान 20 मार्च तक किया जाएगा। बीएसएनएल के प्रवक्ता संजय कुमार सिन्हा ने कहा कि कंपनी के जम्मू-कश्मीर, केरल और बीएसएनएल कॉरपोरेट कार्यालय (वरिष्ठ अधिकारियों और बोर्ड सदस्यों को छोड़कर) के कर्मचारियों का वेतन पहले ही जारी किया जा चुका है।

दूरसंचार विभाग के एक अधिकारी ने कहा कि एमटीएनएल को आंतरिक निपटान के लिए मंगलवार को 171 करोड़ रुपये दिए गए हैं। देशभर में बीएसएनएल के कर्मचारियों की संख्या 1.76 लाख है जबकि एमटीएनएल के कर्मचारियों की संख्या 22,000 है। एक अनुमान के अनुसार अगले पांच से छह साल में एमटीएनएल के 16,000 और बीएसएनएल के 50 प्रतिशत कर्मचारी सेवानिवृत्त हो जाएंगे।