मुंबई : वैश्विक बाजारों में सकारात्मक रुख, कच्चे तेल के दाम में कमी, रुपए में सुधार और कोटेक बैंक के शेयरों में उछाल के चलते स्थानीय शेयर बाजारों में तीन दिन से जारी गिरावट का सिलसिला शुक्रवार को थम गया और प्रमुख सूचकांक बढ़त के साथ बंद हुए। अमेरिका डॉलर के मुकाबले रुपया 23 पैसे के सुधार के साथ 70.67 रुपये पर रहा।

बीएसई का सेंसेक्स शुक्रवार को 361.12 अंक यानी 1.02 प्रतिशत चढ़कर 35,673.25 अंक पर बंद हुआ। वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज के निफ्टी में भी 92.55 अंक यानी 0.87 प्रतिशत की तेजी देखी गयी और वह 10,693.70 अंक पर बंद हुआ। दोनों शेयर बाजारों में कोटक महिंद्रा बैंक के शेयरों में सबसे अधिक तेजी दर्ज की गयी और वह करीब नौ प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुआ।

वारेन बफे की अगुवाई वाली बर्कशायर हाथवे इंक की निजी बैंक में निवेश की योजना से जुड़ी खबरों के बीच बैंक के शेयरों में यह उछाल देखने को मिली। मीडिया में चल रही खबरों के मुताबिक बर्कशायर हाथवे प्रवर्तक की हिस्सेदारी खरीदकर या वरीयता के आधार पर आवंटन के जरिए चार अरब डॉलर से छह अरब डॉलर का निवेश कर सकती है।

हालांकि काेटक ने बर्कशायर हाथवे से बातचीत की खबर को सिरे से नकार दिया। अडाणी पोर्ट्स, बजाज ऑटो, इंफोसिस, एशियन पेंट्स, मारूति, एचयूएल, एलएंडटी, एमएंडएम, आईसीआईसीआई बैंक और रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर भी तीन प्रतिशत तक चढ़े। सन फॉर्मा, कोल इंडिया, यस बैंक, पावर ग्रिड और एनटीपीसी के शेयर दो प्रतिशत तक लुढ़क गए।

एशियाई और यूरोपीय बाजारों में सकारात्मक रुख का असर भी भारतीय शेयर बाजारों में देखने को मिला। ओपेक और गैर-ओपेक देशों में तेलों के उत्पादन में कटौती के बीच सहमति नहीं बन पाने से कच्चे तेल की कीमतों में और अधिक नरमी देखी गयी। बीएसई में उपलब्ध अस्थायी आंकड़ों के अनुसार विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (एफपीआई) ने बृहस्पतिवार को 72.47 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों ने 389.78 करोड़ रुपये मूल्य के शेयर बेचे।

वैश्विक बाजारों में एशिया में कोरिया का कोस्पी शेयर सूचकांक 0.34 प्रतिशत, जापान का निक्केई 0.82 प्रतिशत, हांगकांग का हैंग सेंग 0.35 प्रतिशत तथा शंघाई कंपोजिट सूचकांक 0.02 प्रतिशत तक चढ़े। यूरोप में शुरूआती कारोबार में फ्रैंकफर्ट का डीएएक्स 0.85 प्रतिशत और पेरिस सीएसी 40 सूचकांक 1.40 प्रतिशत तक ऊंचे चल रहे थे। । लंदन का एफटीएसई भी 1.53 प्रतिशत तक चढ़ गया था।