गिरफ्तार नवाज शरीफ, बेटी को ‘जेल’ या ‘बेल’ आज करेगा PAK हाईकोर्ट फैसला 


लाहौर: भ्रष्टाचार के एक मामले में दोषी करार दिये जाने के एक हफ्ते बाद शुक्रवार को पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ गिरफ्तारी का सामना करने के लिए अपनी बेटी मरियम के साथ स्वदेश लौट आए। अबु धाबी से लाहौर पहुंचे नवाज शरीफ को हवाई अड्डे पर ही गिरफ्तार कर लिया गया। अबूधाबी से उनके साथ बेटी मरियम भी लाहौर पहुंची। उनकी जमानत पर आज हाईकोर्ट फैसला करेगा।  दोनों के पासपोर्ट लेने के बाद NAB ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया और विशेष विमान से इस्लामाबाद ले जाया गया। नवाज शरीफ को 10 साल और उनकी बेटी को 7 साल की सज़ा हुई है। नवाज शरीफ की मां एयरपोर्ट पर उनसे मिलने के लिये पहुंची थीं लेकिन उनकी मुलाकात नहीं हो सकी। पाक मीडिया की मानें तो पूरे मामले को ध्यान में रखते हुए पंजाब सूबे में इंटरनेट सर्विस बंद कर दी गई है। उन्हें रावलपिंडी स्थित आदियाला जेल में रखा गया है देश के इस प्रभावशाली परिवार को उनके खिलाफ भ्रष्टाचार के तीन मामलों में से एक में दोषी करार दिया गया है। पाकिस्तान में आम चुनाव होने में कुछ ही सप्ताह का समय बचा है और सवाल है कि अब इस मामले में आगे क्या होगा?

क्या है प्रावधान

नवाज और मरियम शरीफ को यह अधिकार है कि वह राष्ट्रीय जवाबदेही ब्यूरो अध्यादेख की धारा  32 के तहत हाईकोर्ट में अपील दायर कर सकते हैं। पाकिस्तान में आम तौर पर अगर भ्रष्टाचार मामलों के दोषी सरेंडर नहीं करते हैं तो उनसे अपील करने का अधिकार छिन जाता है। दोषियों को किसी भी तरह की सुरक्षा अथवा सहूलियत तभी मुहैया कराई जाती जब वे निर्धारित तरीके से आत्म समर्पण करते हैं।

नवाज शरीफ को मिल पाएगी जमानत!

इस मामले में नवाज शरीफ और मरियम शरीफ को राहत मिल पाएगी? यह हाईकोर्ट के फैसले पर निर्भर करता है जहां उच्च कोर्ट को यह जांच करनी होगी कि जवाबदेबी ब्यूरो के फैसले में कितना दम है। अगर फैसले में कोई खामी पाई जाती है तो इसके आधार पर इस्लामाबाद हाईकोर्ट के सजा के फैसले को पलट सकता है।

गौरतलब है कि नवाज शरीफ और उनकी बेटी मरियम शरीफ दोनों को गत 6 जुलाई को लंदन में चार आलीशान फ्लैटों की मिल्कियत से जुड़े एवेनफील्ड संपत्ति मामले में दोषी ठहराया गया था। शरीफ (68) और उनकी बेटी मरियम (44) को एक जवाबदेही अदालत ने क्रमश: दस और सात साल की कैद की सजा सुनायी है। शरीफ का परिवार जवाबदेही अदालत में भ्रष्टाचार के दो और मामलों अल अजीजिया स्टील मिल्स और फ्लैगशिप इंवेस्टमेंट्स का सामना कर रहा है। इसमें उन पर मनिलॉन्ड्रिंग, कर चोरी और विदेशों में सम्पत्ति छुपाने का आरोप है।