किसान विरोधी है जदयू


पटना : भाजपा प्रदेश प्रवक्ता संजय सिंह टाइगर ने कहा कि जदयू किसानों के लिए घडिय़ाली आंसू बहाना बंद करें। किसानों के हितैषी बनने का नाटक करने वाले जदयू नेताओं को किसानों को मदद करने से कौन रोक रहा है। किसानों को मिलने वाले ऋण का 5 प्रतिशत ब्याज केन्द्र सरकार चुका रही है, जबकि कई राज्य सरकारें शेश ब्याश चुका कर किसानों को शून्य प्रतिशत ब्याश पर ऋण मुहैया करा रही है। बिहार सरकार ऐसा क्यों नहीं कर रही है।

महाराष्ट्र एवं उत्तर प्रदेश की सरकारों ने किसानों के ऋण को माफ किया है। बिहार सरकार को किसने ऋण माफी करने से रोका है। भाजपा प्रवक्ता ने बताया कि बिहार में कृषि कैबिनेट, कृषि रोड मैप, सिंचाई योजना क्या हुआ? जदयू जवाब दे। किसानों की अनदेखी करने वाले किसान हित की बात कर रहे हैं। किसानों के धान खरीद के समय जदयू के नेता कहां छुपे थे। प्रत्येक वर्ष धान खरीद के समय राज्य सरकार हाथ खड़ा कर देती है।

किसान औने-पौने दाम पर धान को बेचने को मजबूर होते हैं केन्द्र सरकार के नीम कोटेड यूरिया, स्वायल हेल्थ कार्ड योजना एवं राष्ट्रीय कृशि वागवानी योजना , बिहार में भी चल रही है। अगर राज्य सरकार को लगता है कि केन्द्र की योजना किसान विरोधी है तो यहां क्यों चला रहे हैं। केवल बयानों से जदयू के नेता किसानों को बरगलाने का काम कर रहे हैं।

किसान की चिंता से ज्यादा सरकार चलाने की चिंता इन्हें हैं। केन्द्र सरकार किसानों की आय बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है। इसके लिए तात्कालिक एवं दीर्घकालिक उपाय किये जा रहे हैं। राज्य सरकार को इसमें बढ़-चढ़कर सहयोग करना चाहिए। क्या किसानों और कृषि के प्रति बिहार सरकार की कोई जिम्मेवारी नहीं है।