कांग्रेस नहीं लेगी GST बैठक में भाग


नई दिल्ली : पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह से कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी की मुलाकात के बाद कांग्रेस ने जीएसटी के लिए होने वाली मध्यरात्री बैठक में शामिल नहीं होने का फैसला लिया है।

कांग्रेस पार्टी का कहना हैं कि 30 जून की मध्यरात्री को संसद के केंद्रीय कक्ष में आयोजित किए जा रहे समरोह में वह हिस्सा नहीं लेगी। कांग्रेस के साथ ही कुछ अन्य दलों ने भी इस समारोह में शामिल नहीं होने का फैसला किया है। तृणमूल कांग्रेस ने भी साफ कर दिया है कि पार्टी समारोह में हिस्सा नहीं लेगी।

माक्र्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के महासचिव सीताराम येचुरी ने भी कहा है कि वह खुद समारोह में हिस्सा नहीं लेंगे लेकिन पार्टी के सांसदों को इसमें शामिल होना है या नहीं, यह उन पर निर्भर करता है। कुछ नेताओं का मानना है कि जीएसटी को जल्दबाजी में लागू किया जा रहा है तथा सभी पक्षों को ध्यान में नहीं रख गया है जिसके कारण छोटे व्यापारियों एवं कारोबारियों के लिए समस्याएं बढ़ सकती है।

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सूत्रों ने बताया कि कांग्रेस देश के प्रथम प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू के स्वतंत्रता के समय दिए गए ‘नियति से किए गए वादे’ वाले ऐतिहासिक अवसर का महत्व कम नहीं करना चाहती, इसीलिए वह इस प्रकार के किसी कार्यक्रम में भाग लेने को इच्छुक नहीं है। माकपा के महासचिव सीताराम येचुरी भी जीएसटी लागू करने के मामले में सरकार द्वारा जल्दबाजी दिखाए जाने को लेकर भी सवाल उठाया और कहा कि भाजपा ने विपक्ष में रहने के दौरान इस प्रणाली का विरोध किया था।