टैंक ने उजाड़ दिए एक ही घर के दो चिराग


पूर्वी दिल्ली: आनंद विहार स्थित अग्रवाल फन सिटी मॉल में शनिवार दोपहर उस समय सनसनी फैल गई, जब टैंक में सफाई करने उतरे दो भाईयों की जहरीली गैस के कारण मौत की सूचना मिली। वहीं गैस की चपेट में आने से उनके पिता भी घायल हो गए। वहीं युवकों को बाहर निकालने सीवर में घुसे दमकल विभाग के एक हवलदार भी सिर में चोट लगने घायल हो गए। मृतक भाईयों की पहचान मो.जहांगीर (24) और एजाज (22), जबकि घायलों की मो. यूसुफ (55) और हवलदार महिपाल सिंह (55) के तौर पर हुई है। पुलिस ने मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी में रखवा दिया है। वहीं घायलों का हेडगेवार अस्पताल में इलाज जारी है। हालांकि दोनों की हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।

वहीं वरिष्ठ पुलिस अधिकारी का कहना है कि पुलिस ने मॉल प्रबंधन के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज कर मामले की छानबीन शुरू कर दी है। जानकारी के मुताबिक एजाज और जहांगीर परिवार सहित साहिबाबाद, यूपी में रहते थे। वह अपने पिता के साथ स्क्रेप का काम करते थे। साथ ही वह मॉल से निकलने वाले कूड़े से कबाड़ निकालकर भी बेचा करते थे। इसी के लिए वह शनिवार दोपहर कड़कडड़ूमा स्थित अग्रवाल फन सिटी मॉल गए थे। वहां वह कूड़े से कबाड़ जमा कर रहे थे। मॉल से कबाड़ उठाने के अलावा ये कभी कभार मॉल के बेसमेंट में बने सेप्टिक टैंक की सफाई भी कर दिया करते थे। इसके लिए उन्हें अलग से पैसे मिलते थे। मॉल के बेसमेंट की दूसरी मंजिल (नीचे) में कमरे नुमा एक टैंक बना हुआ था। वहां पर मॉल का गंदा पानी व सीवेज का कचरा आता था।

शुक्रवार को पिता-पुत्रों से टैंक की सफाई के लिए कहा गया था। शनिवार दोपहर पिता-पुत्र टैंक की सफाई करने रस्सी के सहारे उतर गए। इसी बीच उनकी दम घुटने लगी, मामले की सूचना पुलिस और दमकल विभाग को दी गई। मौके पर पहुंचते ही दमकल कर्मी महिपाल रस्सी के सहारे टैंक में उतरते हुए सिर के बल गिरकर जख्मी हो गया। वहां मौजूद अन्य दमकलकर्मियों ने चारों को टैंक से निकालकर नजदीकी डॉ. हेडगेवार अस्पताल पहुंचाया, जहां जहांगीर को मृत घोषित कर दिया गया, जबकि इलाज के दौरान एजाज ने भी दम तोड़ दिया। जांच के दौरान पुलिस को पता चला है कि बिना सुरक्षा उपकरणों के मॉल प्रबंधन ने पिता-पुत्रों को सफाई के लिए टैंक में उतारा था।