पनामा पेपर लीक मामले पर खामोश क्यों हैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी : कांग्रेस


नयी दिल्ली : कांग्रेस ने आज कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने मन की बात कार्यकर्मो के दौरान ,खत्म करने की बात करते हैं, लेकिन पनामा पेपर लीक के मुद्दे पर खामोश रहते हैं। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा देने को मजबूर हुए नवाज शरीफ का हवाला देते हुए कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने मोदी से सवाल किया कि उन्होंने पनामा पेपर मामले में छथीसगढ़ के मुख्यमंत्री रमण सिंह के खिलाफ क्या कार्वाई की। खेड़ा ने कहा, प्रधानमंत्री भ्रष्टाचार पर बड़ी-बड़ी बातें करते हैं, लेकिन पनामा पेपर लीक की अनदेखी कर देते हैं। (कल कांग्रेस उपाध्यक्ष) राहुल गांधी ने छथीसगढ़ के मुख्यमंत्री रमण सिंह के बेटे और लोकसभा सांसद अभिषेक का जिक्र किया था। कांग्रेस नेता ने इस मामले में मोदी को पाकिस्तान से सीख लेने की सलाह देते हुए पूछा, उनका (अभिषेक का) नाम पनामा पेपर में आया, (लेकिन) आपने इस बाबत क्या कार्वाई की।

पाकिस्तान के उच्चतम न्यायालय ने 28 जुलाई को 67 साल के शरीफ को बेईमानी का दोषी पाते हुए अयोज्ञ करार दे दिया था। न्यायालय ने कहा था कि पनामा पेपर मामले में उनके और उनके बच्चों के खिलाफ भ्रष्टाचार का मामला दायर किया जाए। अदालत के इस आदेश के बाद शरीफ को इस्तीफा देना पड़ा। कांग्रेस नेता खेड़ा ने कहा कि भाजपा लोकतंत्र को विकृत नहीं करती रह सकती और फिर भी खुद को सबसे पवित्र बताए और राजनीतिक निष्ठा की बातें करें। वह बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के हाल में राजग में शामिल होने और गुजरात में राज्यसभा चुनावों से पहले कांग्रेस विधायकों के दलबदल कर भाजपा में शामिल होने का हवाला दे रहे थे। खेड़ा ने कहा, गुजरात में पैसा कहां से आ रहा है ? हमारे विधायकों ने कहा कि उन्हें (दल बदलने के लिए) पैसे की पेशकश की गई। हमें प्रधानमंत्री के मन की बात में इसका जवाब नहीं मिल रहा। कांग्रेस नेता ने स्वयंभू गौरक्षकों की गुंडागर्दी और नफरत फैलाने वालों पर लगाम लगाने को लेकर पर्याप्त कदम नहीं उठाने पर भी प्रधानमंत्री मोदी पर निशाना साधा।