मेट्रो की सभी बिल्डिंग ईको-फ्रेंडली


नई दिल्ली: दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन की सभी बिल्डिंग ईको-फ्रेंडली यानी ग्रीन बिल्डिंग घोषित हुई हैं। दिल्ली मेट्रो दुनिया की पहली ऐसी मेट्रो बनी हैं जिसकी सारी इमारतों को ईको-फ्रेंडली होने का सर्टिफिकेट मिला है। इसके अलावा दिल्ली मेट्रो ने इस वर्ष में सौर ऊर्जा से 20 मेगावाट बिजली उत्पादन का लक्ष्य भी हासिल कर लिया है। मेट्रो को सर्टिफिकेट मिलने के बाद तीसरे फेज में इसके तीन स्टेशन, डिपो और 10 आवासीय कॉलोनियों को इंडियन ग्रीन बिल्डिंग कौंसिल द्वारा प्लेटेनिम रेटिंग से भी सम्मानित किया गया।

इंडियन ग्रीन बिल्डिंग कौंसिल और भारतीय उद्योग परिसंघ के सहयोग से आयोजित इस सम्मेलन में ग्रीन बिल्डिंग बनाने के लिए मेट्रो को सम्मानित किया गया। इस दौरान मेट्रो के एमडी मंगू सिंह ने मेट्रो सिस्टम को चलाने के लिए ग्रीन सिस्टम यानी इको-फ्रेंडली तरीकों के प्रयोग को बढ़ावा देने की बात कही। उन्होंने कहा कि पिछले चार दशक में ऊर्जा की खपत में 700 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। 2030 तक यह खपत इससे तीन गुना होने का अनुमान हैं। ऊर्जा का सबसे ज्यादा प्रयोग परिवहन में होता है वह भी शहरी परिवहन में।

इसलिए हमें ईको-फ्रेंडली तरीके से मेट्रो को चलाने के लिए ध्यान देने की जरूरत है। इस मौके पर सम्मेलन में मौजूद आईजीबीसी के चेयरमैन डॉ. प्रेम सी जैन ने ने डीएमाआरसी को बधाई दी और कहा कि प्लेटेनिम रेटिंग हासिल करने के लिए मेट्रो ने काफी मेहनत की है। ग्रीन मेट्रो राष्ट्रीय सम्मेलन में देश भर के सभी मेट्रो सिस्टम से आए अधिकारियों ने भाग लिया। इस दौरान दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन के सभी वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।