नक्शे में मिली चोरी हुई सड़क


दक्षिणी दिल्ली: अप्रैल माह में अलकनंदा इलाके में सड़क चोरी होने की शिकायत को लेकर एनआरआई कॉलोनी की ओर से कालकाजी थाने में इसकी शिकायत की गई थी। दरअसल मामला यह था कि अलकनंदा इलाके में एनआरआई कॉलोनी के पास मॉल बनाने को लेकर डीडीए ने जमीन एक निजी कंपनी को बेच दी। इसमें डीडीए ने शहीद सूर्य सेन मार्ग को सुदर्शन मुंजाल रोड से जोड़ते हुए दिखाया है, जोकि नेहरू प्लेस पर जाकर मिलती है। इसी सड़क के लापता होने की शिकायत सुप्रीम कोर्ट के वकील विवेक शर्मा ने थाने में की थी। इसके अलावा उन्होंने इस पूरे मामले को लेकर पीएमओ को पत्र लिखा और इसे लेकर विभिन्न सरकारी विभाग में आरटीआई के जरिए इस सड़क के बारे में जानकारी मांगी थी।

अब दिल्ली विकास प्राधिकरण (डीडीए) के दावों के विपरीत, दिल्ली सरकार के पब्लिक वर्क डिपार्टमेंट (पीडब्ल्यूडी) ने कहा कि अलकनंदा में सुदर्शन मुंजाल रोड को शहीद सूर्य सेन मार्ग से जोडऩे वाला कोई रास्ता नहीं है। आरटीआई के जवाब में पीडब्ल्यूडी ने स्पष्ट रूप से कहा कि शहीद सूर्य सेन मार्ग के एक छोर पर डीडीए बाजार और एक दूसरे छोर पर अलकनंदा रोड को जोड़ता है, लेकिन यह सुदर्शन मुंजाल मार्ग से जुड़ा नहीं है। आरटीआई कार्यकर्ता और वकील विवेक शर्मा ने बताया कि मॉल के निर्माण के लिए यह जमीन एक निजी कंपनी को आवंटित करने के अपने फैसले को सही ठहराने के लिए, डीडीए के नक्शे जोन एफ 9 में सुदर्शन मुंजाल मार्ग के साथ शहीद सूर्य सेन रोड को जोडऩे वाली सड़क दिखाई गई थी।

इसे लेकर शर्मा ने कहा कि पीडब्ल्यूडी विभाग में दायर की गई आरटीआई में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि शहीद सूर्य सेन मार्ग सुदर्शन मुंजाल रोड से नहीं जुड़ता है और यह पीडब्ल्यूडी के रिकॉर्ड में भी नहीं है। वहीं इस मामले को लेकर पीएमओ को शिकायतकर्ता विवेक ने एक पत्र लिखा था जिसपर डीडीए ने गोविंदपुरी एक्सटेंशन को अनधिकृत बताया और और इसके अलावा कहा कि सड़क का कुछ हिस्सा 1983 में स्कूल को अलॉट किया गया।

– गणेश पाठक