तिवारी का अचूक निशाना, केजरी गए थे चूक…


नई दिल्ली: राजनीति में एक कहावत है कि नेता चाहे तो क्या नहीं कर सकते! मंगलवार भाजपा प्रदेश अध्यक्ष व सांसद मनोज तिवारी ने यह साबित करके दिखा दिया। पहले गायकी, फिर नेतागिरी में तो मनोज छाए ही हैं अब निशानेबाजी में भी आगे निकल गए। राष्ट्रीय शूटर आयशा फलक को सम्मानित करने के दौरान जब उन्हें टारगेट पर निशाना लगाने को कहा गया तो वह भी उत्साहित हो गए। एयर पिस्टल में हाथ आजमाया तो निशाना एकदम सटीक लगा। सांसद मनोज तिवारी 159 नॉर्थ एवेन्यू स्थित घर का लॉन मंगलवार को शूटिंग रेंज में बदला हुआ सा लग रहा था। बहुत सारे लड़के-लड़कियां हाथों में बंदूकें, पिस्टल व एयर पिस्टल लेकर घूम रहे थे।

पहले तो सभी खिलाडिय़ों व बहादुर आयशा को सम्मानित किया गया। इसके बाद आयशा ने सांसद के घर के लॉन में बने पेड़ पर टारगेट लगा दिया कि उन्हें बच्चों का कुछ हुनर दिखाया जाए। इस पर कुछ उत्साही कार्यकर्ताओं ने सांसद तिवारी के हाथ ही एयर पिस्टल थमा दी कि भइया आप निशाना लगाएं। सांसद भी मान गए, लेकिन पहले उन्होंने आयशा से एयर पिस्टल चलाने की पूरी जानकारी ली कि किस तरह से निशाना लगाया जाए। एक ट्रायल किया फिर बोले अब लगाऊंगा निशाना। मनोज तिवारी ने हाथ में एयर पिस्टल थामा, फिर पैरों की सही पोजीशन बनाई। एक आंख बंदकर निशाना लगाया। दस मीटर की दूरी पर टारगेट सैट था।

पिस्टल चलाने के बाद सांसद के साथ-साथ सब लोग टारगेट की तरफ दौड़े, हर कोई जानना चाहता था कि सांसद का निशाना कहां लगा? जब टारगेट देखा तो सब हैरान रह गए। मनोज तिवारी का निशाना एकदम सटीक लगा था। इस पर उन्हें आयशा ने दस में दस नंबर दिए। आयशा ने बताया कि ऐसा तो लगातार अभ्यास से होता है। निशाना लगाने से खुश  सांसद ने कहा कि वह टारगेट को अपने घर में फ्रेम कराकर रखेंगे। इसी बीच उनके घर आए खिलाडिय़ों ने बताया कि इसी तरह कुछ दिन पहले मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल भी बहादुर आयशा को सम्मानित करने उसके घर पहुंचे थे।

वहां शूटिंग का टारगेट देखकर उन्होंने भी आयशा से गुर लेकर एयर पिस्टल से टारगेट पर निशाना लगाया था, लेकिन वह छह अंकों पर लगा था। मगर वह भी बड़े खुश हुए कि पहली बार में छह ही मिले तो क्या कम है। केजरी को छह व मनोज को दस मिले तो सांसद और खुश हो गए कि निशानेबाजी ही नहीं, विधानसभा के चुनाव में केजरी को ऐसे ही पछाड़ देंगे। इसका ट्रेलर तो निगम चुनाव में दिख चुका है और फिल्म विधानसभा चुनाव में दिख जाएगी।

– सतेन्द्र त्रिपाठी