पूर्व विधायक रामरतन की भाभी की चोटी कटी


पलवल: पलवल पूर्व विधायक व भाजपा के वरिष्ठ नेता रामरतन की भाभी की चोटि रात करीब 12 बजे कट गई। अचानक चोटि कटने से आसपास के क्षेत्र व पड़ोस में रहने वाली महिलाओं में दहशत का माहौल है। चोटियों की सुरक्षा के लिए ज्यादातर महिलाएं रात को जागकर रात गुजार रही है। ऐसा ही एक मामला सामने आया कैंप थाना क्षेत्र के अंतर्गत जहां पूर्व विधायक की 50 वर्षीय भाभी की रात करीब 12 बजे चोटि कट गई,और वह बेहोश हो गई। बेहोशी हालात में महिला को अस्पताल में करीब दो घंटे बाद होश आया। राजस्थान के एक जिले लगभग 25 दिन पहले शुरु हुआ चोटि कटने का सिलसिला रुकने का नाम नही ले रहा है।

पलवल जिले में भी प्रतिदिन महिलाओं की चोटि कटने का मामला सामने आ रहा है। कुछ लोग इसे भुत-प्रेत मान रहे है तो कछु लोग आश्चर्यजनक घटना बता रहे है। लोग अंधविश्वास में आकर अपने घरो के बहार नीबूं मिर्ची काले धागे में बंाधकर लटका रहे। ऐसा ही एक ताजा मामला शनिवार को पलवल रेलवे किठवाड़ी पुल के समीप सामने आया। यहां पूर्व विधायक व भाजपा के वरिष्ठ नेता रामरतन के छोटे भाभी टिकाराम की पत्नी लज्जा देवी की चोटि रात करीब 12 बजे कट गई। चोटि कटने वाली महिला लज्जा के पुत्र राकेश ने बताया कि रात के समय वह टीवी पर चोटि कटने की न्यूज देख रहा था, और उसकी मम्मी बहार बैठक में लेटी हुई थी। उसी घर में एक कुत्ता घुसा आया जिसे देखकर लज्जा देवी ने राकेश से कुत्ते को भगाने को कहा।

लेकिन न्यूज देखने से नही हटा तो लज्जा देवी ने स्वयं ही डंडा लेकर कुत्ते को भगा दिया। उसके बाद जैसे ही लज्जा देवी वापिस कमरे की तरफ घुमी तो पीछे से एक बिल्ली आई और सिर बैठकर चोटि को काट भाग गई। लज्जा देवी के शोर को सुनकर परिजन व पड़ोसी मौके पर एकत्रित हो गए तो वहां पर उन्हें कुछ नही दिखाई दिया, केवल लज्जा देवी की कटी हुई चोटि और लज्जा देवी बेहोशी अवस्था में जमीन पर पड़ी हुई थी। परिजन लज्जा को नजदीक अस्पताल लेकर पहुंचे जहांं करीब दो घंटे बाद उसे होश आया। सूचना पाकर पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस का कहना है कि परिजनो की तरफ से कोई लिखित शिकायत नही मिली है। हालांकि वे मौके पर जरुर पहुंचे थे। वहीं लज्जा के पड़ोस में रहने वाली महिला गीता ने बताया कि चोटि कटने की घटना से महिलाओं भय व्याप्त है। अपनी रक्षा के लिए उन्हें रात के समय जागकर रात बितानी पड़ रही है।

– ओमप्रकाश गुप्ता, देशपाल सरोत, भगत सिंह