लखनऊ में आयकर विभाग ने एक कारोबारी कन्हैया लाल रस्तोगी एवं संजय रस्तोगी के पांच ठिकानों पर छापा मारा जहां से 9.05 करोड़ रुपये कैश और 100 किलो सोना बरामद किया गया है। 36 घंटे की चली छापेमारी के दौरान जब्त किए गए सोने की कीमत 31 करोड़ रुपये आंकी जा रही है। आयकर विभाग की यह यूपी में अब तक की सबसे बड़ी बरामदगी है। जांच अब भी जारी है, अभी कई लॉकर खोले जाने हैं। आयकर विभाग ने प्रिंसिपल डायरेक्टर (जांच) यूपी अमरेंद्र कुमार के निर्देशन में एडिशनल डायरेक्टर (जांच) लखनऊ पूजा राज और एडीआईटी रवि मेहरोत्रा ने मंगलवार को हवाला कारोबारी कन्हैया लाल रस्तोगी के छह ठिकानों पर छापेमारी की।

जो रस्तोगी एंड संस के नाम से हवाला कारोबार के अलावा सर्राफ का भी काम करता है। इसमें कन्हैया लाल रस्तोगी के अलावा उसकी पत्नी अनीता रस्तोगी और उनके दो बेटों उमंग रस्तोगी व तरंग रस्तोगी भी निदेशक हैं। बुधवार को शुरू हुई छापेमारी में यह भी खुलासा हुआ कि ‘रस्तोगी एंड संस’ के नाम से हवाला का कारोबार और सर्राफ का धंधा चलता है। ‘रस्तोगी बंधु’ के पुश्तैनी सूदखोरी के धंधे में 60 करोड़ रुपये से अधिक खपाए जाने का खुलासा हुआ भी है। जबकि करोड़ों रुपये की बेनामी जमीन की खरीद फरोख्त भी की गई जिसके दस्तावेज आयकर के हाथ लगे हैं।

आयकर विभाग के प्रवक्ता एवं डिप्टी कमिश्नर (जांच) जयनाथ वर्मा के मुताबिक कन्हैया लाल रस्तोगी और बेटे के घर से 8.08 करोड़ की नकदी एवं 87 किलो सोने के बिस्किट और दो किलो सोने के गहने बरामद हुए। जबकि संजय रस्तोगी के घर से 1.13 करोड़ रुपये एवं 11.64 किलो सोना बरामद हुआ। इसमें से 8 करोड़ रुपये कन्हैया लाल रस्तोगी एवं 1.05 करोड़ रुपये संजय रस्तोगी के जब्त कर लिए गए। जबकि ‘रस्तोगी बंधु’ का सोना पूरा का पूरा जब्त कर लिया गया जिसकी कीमत करीब 31 करोड़ आंकी गई है।