मृत कर्मचारी की पेंशन रोकी


शिवपुरी : स्वास्थ्य विभाग में पदस्थ मृत कर्मचारी विजय दीवान की पेेंशन स्वास्थ्य विभाग ने जब रोक दी तो परेशान उनकी पत्नी ने जनसुनवार्ई में जाकर कलेक्टर को गुहार लगार्ई। कलेक्टर ने पूरी बात सुनने के बाद अस्पताल अधीक्षक से इस संबंध में चर्चा की और उन्हें बताया कि उन्हें पेंशन रोकने का कोर्ई अधिकार नहीं है। हुआ यूं कि जनसुनवार्ई में एक महिला संध्या श्रीवास्तव अपने पति की मृत्यु के बाद से अब तक पेंशन न मिलने से परेशान थी। महिला को अस्पताल प्रबंधन ने इसलिए पेंशन देने से इन्कार कर दिया क्येांकि उसने क्वार्टर खाली नहीं किया जिससे परेशान महिला शिकायत लेकर अपने पुत्र विमर्श श्रीवास्तव के साथ कलेक्ट्रेट पहुंची।

कलेक्टर ने तुरंत ही जिला क्षय अधिकारी आशीष व्यास से अस्पताल अधीक्षक गोविन्द सिंह को फोन लगवाया और उनसे पेंशन रोकने का कारण पूछा साथ ही उन्हें नियम बताते हुए जल्द पीड़ित महिला को पेंशन दिए जाने के निर्देश दिया। प्राप्त जानकारी के अनुसार जिला चिकित्सालय में यूडीसी विजय कुमार दीवान की 2.10.2016 को हृदयाघात से मृत्यु हो गई थी। श्री दीवान की मृत्यु के बाद उनके पुत्र विमर्श श्रीवास्तव ने अनुकंपा नियुक्ति के लिए आवेदन दिया। जिसकी फाईल कलेक्ट्रेट में आकर रूक गर्ई वहीं अस्पताल प्रबंधन ने पेंशन पर भी यह कहते हुए रोक लगा दी।

कि वह शासकीय क्वार्टर को जब तक खाली नहीं करेंगे तब तक उन्हें पेंशन नहीं दी जाएगी। पिछले 6 माह से पीडि़ता संध्या श्रीवास्तव और उसका पुत्र विमर्श अस्पताल, ट्रेजरी कार्यालय और कलेक्ट्रेट के चक्कर लगा रहे हैं आज दोनों पीड़ित मां बेटा जनसुनवाई में पहुंचे जहां उन्होंने कलेक्टर के समक्ष अपनी परेशानी एक शिकायती आवेदन के माध्यम से रखी। तुरंत ही कलेक्टर ने मामले की जानकारी सीएमएचओ के स्थान पर पहुंचे जिला क्षय अधिकारी आशीष व्यास से ली। युवक ने लगाई फांसी शहर के फिजीकल चौकी क्षेत्रांतर्गत एक युवक ने अपनी बीमारी से तंग आकर फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।

पुलिस ने फिलहाल मामला जांच में ले लिया है। जानकारी के अनुसार छत्री रोड़ पर निवासरत श्री मां रेस्टोरेंट का संचालन करने वाले अनिल राठौर उम्र 40 वर्ष बीते लंबे समय से बीमार चल रहे थे इसी बीच बीमारी से तंग आकर अनिल ने अपने घर में फांसी का फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। संयुक्त परिवार में रहने वाले अनिल की इस तरह मौत को लेकर तरह-तरह की चर्चाओं ने जोर पकड़ लिया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

– आलोक