स्पेन के बाद रूस पहुंचे मोदी, परमाणु ऊर्जा संयंत्र पर सबकी निगाहें


नई दिल्ली: चार देशों के दौरे पर निकले नरेंद्र मोदी बुधवार शाम स्पेन से रूस पहुंचे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राष्ट्रपति व्लादीमिर पुतिन के साथ 16वें भारत-रूस सालाना शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे। दोनों पक्ष कई समझौतों पर हस्ताक्षर भी करेंगे। सबकी निगाहें भारत के सबसे बड़े परमाणु ऊर्जा संयंत्र की अंतिम दो इकाइयों के लिए रूस की मदद से जुड़े करार पर हैं।

मोदी ने यहां पहुंचने के बाद ट्वीट किया, ‘‘ऐतिहासिक शहर सेंट पीटर्सबर्ग पहुंचा। उपयोगी यात्रा की उम्मीद करता हूं जिसका उद्देश्य भारत-रूस संबंधों को मजबूती प्रदान करना है।’’ सम्मेलन शुरू होने से कुछ घंटे पहले भारतीय अधिकारियों ने बताया कि तमिलनाडु में कुडनकुलम परमाणु ऊर्जा संयंत्र की इकाई 5 और 6 के निर्माण के लिए रिण सहायता पर समझौते के विवरण और भाषा को लेकर अंतिम दौर की बातचीत चल रही है।

अगर करार हो जाता है तो एक-एक हजार मेगावाट बिजली उत्पादन की क्षमता वाली दोनों इकाइयां देश में परमाणु ऊर्जा उत्पादन को महत्वपूर्ण तरीके से बढ़ाएंगी। भारत यूरेशियन इकनोमिक यूनियन (ईईयू) के साथ मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) पर बातचीत शुरू करने की भी सोच रहा है।

प्रधानमंत्री मोदी रूस की यात्रा के बाद फ्रांस जाएंगी। दो और तीन जून को पीएम मोदी फ्रांस की राजधानी पेरिस में रहेंगे। इस दौरान वो फ्रांस के नवनिर्वाचित राष्ट्रपति एमानुअल मैक्रों से आधिकारिक मुलाकात करेंगे।