एसडीएम को शिकायती पत्र देकर सरकारी ट्यूबवैल को कब्जामुक्त की मांग


ठाकुरद्वारा : ग्राम समाज की भूमि पर 20 वर्ष पूर्व बनवाये गये सरकारी ट्यूबबैल पर गांव के एक ही युवक ने कब्जा कर रखा है। वह किसी भी किसान को सरकारी ट्यूबबैल से पानी नहीं देने देता। जिससे गांव के अन्य किसान परेशान है। जब विरोध करते है तो वह मारपीट पर उतारू हो जाता है। इस पर पीडि़त किसान ने एसडीएम को शिकायती पत्र देकर सरकारी ट्यूबबैल को कब्जामुक्त कराकर अन्य किसानों की फसलो को पानी दिलाये जाने की मांग की है। ब्लाक क्षेत्र के गांव ख्वाजपुर धनतला निवासी किसान रोहिताश कुमार पुत्र शिव कुमार ने एसडीएम के.बी सिंह को शिकायती पत्र देेते हुए कहा है कि गांव में 20 वर्ष पूर्व किसानो की फसलो की सिंचाई के लिए ग्राम समाज की भूमि में एक ट्यूबबैल बनाया गया था।

उसी समय से गांव के 400 बीघा भूमि जोतने वाले किसान ने दबंगई के बल पर कब्जा कर रखा है। वह किसी भी अन्य किसान को सरकारी ट्यूबबैल से पानी नहीं देने देता। जब कोई किसान विरोध करता है उसके साथ मारपीट की जाती है जबकि उस पर एक सरकारी ट्यूबबैल ऑपरेटर नियुक्त है। जिसकी गूल भी क्षतिग्रस्त हो चुकी है। लेकिन उन्हें ठीक नहीं कराया गया है।

आरोप है कि सरकारी ट्यूबबैल के ट्रांस्फार्मर से दबंगों के निजी ट्यूबबैल भी बिना कनेक्शन के चल रहे है। किसान ने ट्यूबबैल को दबंग किसान से मुक्त कराकर आसपास के किसानो के खेतो की सिचांई कराने की मांग की है। एसडीएम के.बी सिंह ने इसकी जांच राजस्व निरीक्षक को सौंपकर रिपोर्ट देने के आदेश दिये है। जबकि ट्यूबबैल पर तैनात ऑपरेटर प्रमोद कुमार कहना है कि कुछ किसान जबरन सरकारी ट्रास्फार्मर से अपनी समरसेविल चलाने का प्रयास कर रहे है। उसके द्वारा मना करने पर शिकायत की जा रही है। नम्बर के आधार पर टयूबबैल से किसानो की सिंचाई की जाती है।

– (अनुराग सिंघल/ विवेक ओझा)