दोहरे हत्याकांड के बाद पटियाली बाशिंदों की गुजरी दहशतभरी रात


कासगंज/पटियाली: पटियाली कस्बा में हुए दोहरे हत्याकांड के पीछे सट्टे के लेन-देन में मध्यस्थता का मामला प्रकाश में आया है। घटना के बाद डीआईजी आरपीएस यादव भी मौके पर पहुंचे थे, यहां लोगों ने डीआईजी को बताया कि क्षेत्र में बालू खनन को लेकर भी खूनी संघर्ष जैसे हालात बनते जा रहे हैं, समय रहते पुलिस द्वारा सक्रियता नहीं दिखाई गई तो एक और दिल दहला देने वाली घटना घटित हो सकती है। उधर कस्बा में पुलिस बल की तैनाती के बाद भी दोहरे हत्याकांड से भयभीत पटियाली वाशिंदों की रात दहशतभरी गुजरी। पटियाली कस्बा के मोहल्ला चैक में सट्टे को लेकर हुए खूनी संघर्ष में रवि एंव देवराज की जान चली गई, जबकि राहुल की हालत नाजुक है। पिछले कई दिनों से मध्यस्थता को लेकर यह विवाद चला आ रहा था, पुलिस की निष्क्रियता की वजह से घटना दोहरे हत्याकांड में तब्दील हो गई।

कस्बा होने की वजह से पुलिस ने डबल मर्डर तक ही मामले पर काबू पा लिया। पुलिस बल, पीएसी की तैनाती कर कस्बा को छावनी बना दिया। रातभर पुलिस बल तैनात भी रहा, उसके बाद भी लोगों की रात दहशतभरी गुजरी। इसके साथ ही पुलिस कप्तान सुनील कुमार ने एसओ पटियाली विनोद चाहर को लाइन हाजिर कर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक घटना के बाद पहुंचे डीआईजी आरपीएस यादव ने भी लोगों से बातचीत की थी। लोगों ने डीआईजी को बताया था कि क्षेत्र में अवैध रूप से हो रहे बालू खनन को लेकर भी खूनी संघर्ष जैसे हालात बनते जा रहे हैं। पीड़ितों द्वारा पुलिस की निष्क्रियता की पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों से शिकायतें की जा रही हैं, लेकिन अभी तक कोई गंभीर कदम नहीं उठाया गया है, यदि ग्रामीण क्षेत्र से खूनी संघर्ष की चिंगारी सुलगी तो बड़ी अनहोनी संभव है।

– जितेन्द्र पाल