डीजे बजाने को लेकर जातीय संघर्ष


शामली, चौसाना : चौसाना चौकी क्षेत्र के गांव खोडसमा में घुड़चढ़ी के दौरान बज रहे डीजे को बंद कराने को लेकर दो पक्षों में भीषण संघर्ष हो गया, जिसमें दोनों पक्षों से एक दर्जन से अधिक लोग घायल हो गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया। इस मामले में पुलिस ने आरोपी पक्ष के दस लोगों को नामजद व 10 अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर एक आरोपी को हिरासत में ले लिया, जिस पर आरोपी पक्ष के लोगों ने चौसाना चौकी पहुंचकर हंगामा व तोड़फोड़ का प्रयास किया और चौकी प्रभारी से हाथापाई करते हुए आरोपी को हवालात से छुड़ा लिया। सोमवार को आरोपी पक्ष के लोगों को विश्वास में लेकर पुलिस ने मानमनोव्वल कर आरोपी को सरेंडर करा लिया।

मामले को लेकर गांव में तनाव बना हुआ है, जिसके चलते फोर्स तैनात किया गया है। झिंझाना थानाक्षेत्र के चौसाना चौकी के गांव खोडसमा निवासी विनोद के पुत्र मोहित की शादी का कार्यक्रम था जिसके चलते घर में काफी मेहमान भी आए हुए थे। बताया जाता है कि रविवार रात करीब दस बजे घुडचढी शुरू हुई जिसमें दूल्हे के दोस्त व अन्य परिजन डीजे की धुन पर डांस कर रहे थें, इसी बीच योगेश नामक व्यक्ति ने घर से बाहर निकलकर डीजे बंद करने को कहा, लेकिन विनोद पक्ष ने इससे इंकार कर दिया।

आरोप है कि योगेश ने अपने मकान की छत पर चढकर पथराव कर दिया। पथराव में राहुल निवासी गंगारामपुर व ब्रजेश गंभीर रूप से घायल हो गए। विनोद ने योगेश के भाई आदेश को फोन कर मौके पर बुला लिया लेकिन इसके बावजूद भी योगेश नही माना और अपने साथियों को मौके पर बुलाकर घुडचढी में शामिल लोगों पर लाठी, डंडों से हमला बोल दिया, जिसमें करीब दस लोग घायल हो गए। ग्रामीणों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची तथा घायलों को ऊन प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र पर भर्ती कराया। घटना को देखते हुए मौके पर भारी संख्या में पुलिसबल तैनात कर दिया जिसके बाद कुछ घंटे तक मामला शांत रहा और पुलिस वापस लौट आई।

पुलिस ने इस संबंध में एक पक्ष से योगेश व विनोद पक्ष के प्रमोद को हिरासत में लेकर उन्हें लॉकअप में बंद कर दिया। रात करीब 12 बजे योगेश पक्ष के दारा, नरेश सहित अन्य दर्जनों लोग चौकी पहुंचे तथा घायल सुनी उर्फ भूरा का मेडिकल कराने के लिए मजरूमी चिट्ठी की मांग की जिस पर चौकी प्रभारी अनिल राघव ने मजरूमी चिट्ठी देने से इंकार करते हुए गांव में बवाल करने का आरोप लगाते हुए हवालात में बंद करने की धमकी दी तो योगेश पक्ष के लोग उत्तेजित हो गए और उन्होंने चौकी प्रभारी से हाथापाई शुरू कर दी। आरोपियों ने हवालात में बंद योगेश को भी छुडा लिया।

चौकी प्रभारी की सूचना पर पुलिस विभाग में हडकंप मच गया तथा सीओ थानाभवन, झिंझाना, गढीपुख्ता, ऊन, अहमदगढ सहित भारी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंचा और किरकिरी से बचने के लिए आरोपी को गिरफ्तार करने के लिए उसके घर पर दबिश दी लेकिन योगेश हाथ नहीं लग सका। सोमवार की सुबह दस बजे पुलिस ने आरोपी पक्ष के लोगों को विश्वास में लेकर योगेश का सरेंडर कराया। घटना के संबंध में पीड़ित विनोद की तहरीर पर पुलिस ने योगेश, लोकेन्द्र, सुनील, नरेश, बबलू, प्रमोद, अजय, आदेश, भूरा व छोटा को नामजद व दस अज्ञात लोगों के खिलाफ बलवा करने व हत्या के प्रयास जैसी गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।

– दीपक वर्मा