योगी ने फरियादियों की समस्या सुनी


उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर के दो दिवसीय दौरे के दूसरे दिन आज यहां गोरखनाथ मंदिर के प्रांगण में आये लगभग 50 फरियादियों से मिले और उनकी समस्याओं को सुनने के बाद निस्तारण का भरोसा दिया। श्री योगी को सभी फरियादियों ने बारी-बारी अपनी समस्या से संबंधित पत्र उन्हें दिये। उन्होंने अधिकारियों को उनकी समस्या के निस्तारण का निर्देश दिया। तड़के चार बजे से ही फरियादियों का आना शुरु हो गया।

वे एक-एक कर खडे हो गये और धीरे-धीरे कतार लम्बी होती गयी। लगभग एक हजार फरियादी अपने-अपने प्रार्थना पत्र लेकर योगी से मिलने आये थे जिसमें लगभग 400 लोगों को अपने आवेदन पत्र योगी के अनुपस्थिति में उनके प्रतिनिधियों को देना पड़ा। कुछ फरियादियों ने पूर्व में दिये गये प्रार्थना पर किसी प्रकार सुनवाई नहीं होने पर चिंता प्रकट की और कुछ दुखी फरियादियों ने हो हल्ला भी किया।

इसके बाद जब मुख्यमंत्री आये तो लगभग 50 फरियादियों से मिले और इसके बाद मंदिर में आयोजित योग शिविर में भाग लेने चले गये। पहले से कतार में खडे फरियादियों से न मिलने से उनमें काफी निराशा दिखी। योगी जिन फरियादियों से आज मिले उनके चेहरे पर खुशी झलक रही थी। गोरखनाथ मंदिर में मुख्यमंत्री की दिनचर्या आज वही थी जो बतौर सांसद हुआ करती थी। मुख्यमंत्री योगी अपने कमरे से तड़के पांच बजे निकले और सीधे गुरूगोरक्षनाथ के दर्शन के लिए मंदिर पहुंच गये।

वैदिक मंत्रोच्चार के बीच गुरू गोरखनाथ की विधिवत पूजा अर्चना की। मुख्य मंदिर की परिक्रमा कर सभी देवी देवताओं का दर्शन किया फिर नाथ सम्प्रदाय के योगियों के समाधि स्थल पर भी गये और पुष्पांजलि अर्पित किया। पूजा अर्चना के बाद योगी मंदिर में स्थित गौशाला पहुंचे। वहां उन्होंने गोसेवा का पून्य प्राप्त किया। गुड़ और बिस्कुट लेकर बारी-बारी श्री योगी सभी गायों के पास गये और उन्हें अपने हाथ से खिलाया।