हिन्दुओं की आस्था से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं


हरिद्वार: जगन्नाथ धाम में संतों महंतों की बैठक आयोजित की गई जिसमें अमरनाथ यात्रा पर पहुंचे यात्रियों के आतंकवादी हमले में मारे जाने पर चिन्ता जताई। उन्होंने कहा कि सरकार को उचित कदम आतंकवाद के खिलाफ उठाने चाहिये । बार-बार भारत के विभिन्न राज्यों से यात्री श्रद्धालुओं के साथ आतंकवादी घटनायें बढ़ रही है जो कि सही नहीं है। उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति नहीं होनी चाहिये। हिन्दुओं की आस्था से किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जायेगा। निर्दोष मारे गये यात्रियों के परिवारजनों को केन्द्र सरकार द्वारा 10-10 लाख मुआवजा देना चाहिये। जिन बच्चों के सिर से मां बाप का सहारा उठ गया उनकी पूरी जिम्मेदारी सरकार को उठानी चाहिये। भारत साधु समाज के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष स्वामी ब्रह्मस्वरूप ब्रह्मचारी ने मारे गये यात्रियों के लिए गहरा दुख प्रकट करते हुए कहा कि केन्द्र की मोदी सरकार हर मोड़ पर विफल नजर आ रही है। उन्होंने कहा कि देश की सीमायें सुरक्षित नहीं है।

बार-बार पाकिस्तान से वहीं दूसरी ओर अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीमंहत नरेन्द्र गिरि एवं राष्ट्रीय महामंत्री महंत हरिगिरि ने कहा कि ऐसी घटनायें समाज को झंझोड़ कर रख देती हैं। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को आतंकवाद समाप्त करने के लिए कोई ठोस नीति बनानी चाहिये जिससे हमारे सेना के जवान और निर्दोष तीर्थ यात्री न मारे जाये। श्रद्धांजलि देने वालों में महंत देवानंद, सतपाल ब्रह्मचारी, महंत मोहनदास, स्वामी ऋषिश्वरानंद, बाबा बलरामदास हठयोगी, स्वामी ऋषिरामकृष्ण महाराज, स्वामी कपिल मुनि महाराज, स्वामी आशुतोष पुरी सहित कई संत महंतों ने अमरनाथ यात्रा में मारे गये तीर्थ श्रद्धालुओं के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त की।

– संजय चौहान