100 गडिय़ा लोहार परिवारों को स्थायी आवास उपलब्ध कराये जाएंगे: त्रिवेन्द रावत


देहरादून: उत्तरखंड के मुख्यमंत्री त्रिवेंद सिंह रावत ने कहा कि देहरादून में रह रहे लगभग 100 गडिय़ा लौहार (बागड़ी) परिवारों के लिये स्थायी आवास उपलब्ध कराये जाएंगे। श्री रावत ने वीर शिरोमणी महाराणा प्रताप की 478वीं जयन्ती के अवसर पर महाराणा प्रताप अतंरराज्यीय बस अड्डा देहरादून में उनकी मूर्ति का अनावरण किया। कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह मेरा सौभाज्ञ है कि महाराणा प्रताप की मूर्ति का अनावरण का अवसर प्राप्त हुआ। उन्होंने कहा आई.एस.बी.टी।

देहरादून में स्थापित महाराणा की प्रतिमा के रखरखाव एवं साफ-सफाई की व्यवस्था मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण द्वारा किया जायेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि शायद ही ऐसा कोई हो जिसने महाराणा प्रताप का नाम न सुना हो। उन्होंने अस्पृश्यता जैसे अभिशाप को समाप्त करने का भी संदेश दिया। वीर शिरोमणी महाराणा प्रताप ने वन में रहकर घास-फूस खाकर भी चित्तौड़ के सम्मान की रक्षा की।

महाराणा प्रताप के घोड़े चेतक का स्मरण करते हुए श्री रावत ने कहा कि चेतक के बिना महाराणा प्रताप का जिक्र अधूरा है। वह चैतन्य एवं बुद्धिमत्ता का प्रतीक है। इस अवसर पर सांसद रमेश पोखरियाल निशंक कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज विधायक विनोद चमोली एवं महाराणा प्रताप विचार मंच के रतन ङ्क्षसह चैहान उपस्थित रहे।

(वार्ता)