नई दिल्ली : दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) के दिल्ली स्कूल ऑफ जर्नलिज्म में बीते कुछ महीनों से विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। छात्र-छात्राएं लगातार दिल्ली स्कूल ऑफ जर्नलिज्म प्रशासन पर उनके साथ अन्याय और खिलवाड़ करने की बात कह रहे हैं। ताजा मामला 3 छात्रों अंबुज भारद्वाज, आदित्य जैसवाल और प्रियांशु त्रिपाठी को निलंबित करने का है।

आरोप यह है कि दिल्ली स्कूल ऑफ जर्नलिज्म ने निदेशक जेपी दुबे और शिक्षक डॉक्टर अल्बर्ट अब्राहम ने बदले की भावना से तीन छात्रों पर कार्रवाई की है। दरअसल हाल ही में दिल्ली स्कूल ऑफ जर्नलिज्म के छात्रों ने अपनी सुविधाओं की मांग करते हुए विरोध प्रदर्शन किया था, जिसमें 6 छात्रों को निलंबित कर दिया गया था।

इस विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे एक छात्र अंबुज भारद्वाज सहित तीन छात्रों को एक साल के लिए निलंबित कर दिया गया है। अंबुज भारद्वाज के मुताबिक जून 2018 में द्वितीय सेमेस्टर की तमिल परीक्षा के दौरान जब अंत के 10 मिनट बचे थे, तब कक्षा में निरीक्षक के रूप में मौजूद डॉक्टर अल्बर्ट अब्राहम ने बिना कोई वार्निंग दिए मेरी कॉपी छीन ली और उसे सील करके केस बना दिया।

जबकि कक्षा में परीक्षा दे रहे छात्रों ने भी इसे गलत माना है। बावजूद इस केस को परीक्षा विभाग को भेज दिया गया। कार्रवाई करते हुए दिल्ली स्कूल ऑफ जर्नलिज्म प्रशासन की ओर से छात्रों की सभी परीक्षा को रद्द करते हुए एक साल के लिए निलंबित कर दिया गया है। छात्रों ने इस मामले में डीयू से प्रतिक्रिया देने की मांग की है, ताकि वे परीक्षा में बैठ पाएं।