दक्षिणी दिल्ली : द्वारका जिले के बाबा हरिदास नगर थाने के जांबाज पुलिसकर्मियों ने एक मुठभेड़ के बाद कुख्यात बदमाश विकास उर्फ विक्की (19) को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी विकास ने हरियाणा में महज 7 दिन के अंदर अपने दादा समेत तीन लोगों की गोली मारकर हत्या कर दिया था। इनके कब्जे से 1 पिस्टल, 5 जिंदा कारतूस और 1 स्पोर्ट्स बाइक बरामद हुई है। पुलिस का दावा है कि आरोपी हरियाणा के कुख्यात गैंगस्टर संदीप जठेडी गैंग का सदस्य है।

वह बालिग होते ही लूट, झपटमारी, डकैती और हत्या जैसी संगीन वारदातों को अंजाम दे रहा है। पुलिस उपायुक्त अंटो अल्फोंस ने बताया कि झपटमारी और लूट की वारदातों को ध्यान में रखते हुए एसीपी नजफगढ़ विजय सिंह यादव की देखरेख में बाबा हरिदास नगर एसएचओ विपिन यादव की टीम छानबीन में लगी हुई थीं। इस दौरान हेड कांस्टेबल सुनील, नवदीप और दीपक गीतांजलि कॉलोनी स्थित झड़ौदा कलां के पास गश्त कर रहे थे।

इसी दौरान दिचाऊं नाले के पास से नीले रंग की स्पोर्ट्स बाइक पर 2 संदिग्ध युवक आते हुए दिखाई दिए। पुलिस ने जब उन्हें रोकने का प्रयास किया तो वह तेज रफ्तार से भागने लगे। भागने के दौरान उसकी बाइक असंतुलित हो गई और वे दोनों गिर गए। पुलिस को छकाने के लिए दोनों बदमाश अलग-अलग दिशा में भागने लगे।

एक बदमाश के तरफ जब पुलिसक​र्मी दौड़े उसके हाथ में पिस्टल थी। इसी दौरान बदमाश ने पुलिसकर्मियों पर गोली चला दी, जिससे बचते हुए सुनील और दीपक ने हवाई फायरिंग कर विकास को धर दबोचा, जबकि दूसरी तरफ भाग रहे बदमाश ने भागते हुए पिस्टल दिखाकर एक युवक से बाइक लूटी और उस पर सवार होकर फरार हो गया।

हफ्तेभर में दादा समेत तीन को उतारा मौत के घाट
पूछताछ में आरोपी विकास ने बताया कि वह अपने साथियों के साथ मिलकर बीते 7 मार्च को उसने रोहतक में अपने दादा राम पाल की हत्या कर दी थी। इसके बाद 9 मार्च को उसने अपने दोस्तों के साथ मिलकर सोनीपत में एक बस ड्राइवर की गोली मारकर हत्या कर दी थी। वहीं 14 मार्च को 8 साथियों को साथ लेकर सोनीपत में शराब कारोबारी नरेंद्र उर्फ नंदा को मौत के घाट उतार दिया था।

जठेडी गैंग का सदस्य
आरोपी विकास ने पुलिस को बताया कि माता-पिता की मौत होने के बाद उसने संदीप जठेडी गैंग का हाथ थाम लिया। इस गैंग के साथ मिलकर उसने लूट, हत्या एवं अन्य जघन्य वारदातों को अंजाम दिया। उसके गैंग में राजू बड़ोदिया, पवन तोतला, सचिन उर्फ भांजा, सचिन दाबोदा, अरुण सांपला आदि शामिल हैं।

छुटकारा पाना चाहता था…
विकास ने बताया कि उसने दादा को इसलिए मार दिया क्योंकि उसके किसी महिला के साथ नाजायज संबंध थे। माता-पिता की मौत के बाद उसके दादा अपने पोते से छुटकारा पाना चाहता था। उसने पुलिस को बताया कि उसका दादा सारी संपत्ति अपने नाम कर उस महिला को देना चाहता था।