BREAKING NEWS

प्रशांत किशोर को अमित शाह के कहने पर जदयू में शामिल किया : नीतीश कुमार ◾NPR के प्रारूप में जोडे गए नए कॉलम को हटाने का आग्रह करेंगे पार्टी सांसद : नीतीश कुमार ◾बजट सत्र के मद्देनजर राज्यसभा के सभापति ने शुक्रवार को बुलाई सर्वदलीय बैठक ◾राहुल ने किया नेशनल रजिस्टर आफ अनएम्पलायमेंट पोस्टर का विमोचन ◾राजद्रोह का आरोपी शरजील इमाम बिहार के जहानाबाद से गिरफ्तार◾नरेंद्र मोदी ने देश की भाईचारे और एकता की छवि को नुकसान पहुंचाया : राहुल गांधी◾एनसीसी के कार्यक्रम में PM मोदी बोले- पाक को धूल चटाने में 10 दिन भी नहीं लगेंगे'◾कांग्रेस ने भाजपा पर साधा निशाना, कहा- प्रति व्यक्ति कर्ज 27 हजार रुपये बढ़ा, सरकार बजट में बताए कि यह बोझ कैसे कम होगा ◾2002 गुजरात दंगे के 14 दोषियों को सुप्रीम कोर्ट से मिली जमानत◾केजरीवाल की चुनौती को अमित शाह ने स्वीकारी, 8 सांसदों को स्कूलों में भेजकर खोली पोल ◾सीएए के तहत भारतीय नागरिकता पाने के लिए लोगों को देना होगा धर्म का सबूत◾क्षेत्रीय सुरक्षा के लिए एक-दूसरे की संवेदनाओं को समझना आवश्यक : राजनाथ सिंह◾पाक के लाहौर में मारा गया खालिस्तानी नेता 'हैप्पी PhD’, RSS नेताओं की हत्या का था आरोपी◾निर्भया केस के दोषी मुकेश सिंह की याचिका पर आज सुप्रीम कोर्ट में होगी सुनवाई ◾BJP सांसद प्रवेश वर्मा का बड़ा बयान, बोले-हमारी सरकार बनी तो 1 घंटे में खाली करा देंगे शाहीन बाग◾दिल्ली में कोरोना वायरस ने दी दस्तक, RML अस्पताल में 3 संदिग्ध मामले सामने आए◾जम्मू-कश्मीर पुलिस को बड़ी कामयाबी हासिल, लश्कर-ए-तैयबा के आतंकी को किया गिरफ्तार◾मध्यप्रदेश : कमलनाथ सरकार में राजनीतिक नियुक्तियां अटकने से कांग्रेस नेताओं में बढ़ रहा असंतोष ◾दिल्ली चुनाव : अमित शाह ने केजरीवाल को शाहीनबाग जाने की चुनौती दी, कहा- मोदी सरकार राष्ट्र विरोधी को नहीं बख्शेगी ◾कोरोना वायरस से चीन में अब तक 106 लोगों की मौत, 1300 नए मामले आए सामने ◾

‘7500 करोड़ का बजट, सरकार चिकित्सा सेवाएं देने में विफल’

नई दिल्ली : नेता विपक्ष विजेन्द्र गुप्ता ने शुक्रवार को कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं पर 7500 करोड़ रुपये के विशाल बजट के बावजूद भी केजरीवाल सरकार आम आदमी को डिस्पेंसरी, पॉली क्लीनिक और मोहल्ला क्लीनिक स्तर पर चिकित्सा सेवाएं प्रदान करने में बुरी तरह नाकाम रही है। आम आदमी पार्टी सरकार साढे़ चार वर्ष के शासनकाल में इस स्तर पर स्वास्थ्य सेवा बढ़ाने के स्थान पर सिमट कर रह गई है। 

उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य के क्षेत्र में किए गए बड़े-बड़े वायदे नकारा सिद्ध हुए हैं। सरकार के फिसड्डीपन का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि वह इस लंबे कार्यकाल में एक भी नया पॉली क्लीनिक नहीं खोल पाई है। पॉली क्लीनिकों के लिए आवंटित प्लॉट खाली पड़े हैं। सरकार के पास बजट भी है, लेकिन इच्छा शक्ति नहीं है। यही योजना मद में एमसीडी को दिया जाने वाला फंड काटकर एमसीडी को नये पॉली क्लीनिक तथा डिस्पेंसरियां खोलने से रोक दिया।  

विजेन्द्र गुप्ता ने कहा कि केजरीवाल सरकार ने अपने कार्यकाल में अनेक डिस्पेंसरियां बंद कर दी हैं, जबकि मात्र दो नई डिस्पेंसरियां खोली हैं। इतना ही नहीं सरकार इस समय 50 से भी अधिक डिस्पेंसरियों को बंद कर उनमें आम आदमी क्लीनिक खोलने की योजना पर काम कर रही है। एक डिस्पेंसरी में 300 से 350 मरीज प्रतिदिन आते हैं, जबकि आम आदमी क्लीनिक में 100 से 150 मरीज ही प्रतिदिन आते हैं।  

नेता विपक्ष ने कहा कि जो मोहल्ला क्लीनिक खोले गये हैं वे अपनी बदहाली पर आंसू बहा रहे हैं। उप मुख्यमंत्री ने 26 फरवरी, 2019 को अपने बजट भाषण में 1000 मोहल्ला क्लीनिक खोलने के वायदे को दोहराया था और कहा था कि 189 आम आदमी मोहल्ला क्लीनिक खोले गए हैं और जून, 2019 तक 333 और क्लीनिक खुल जाएंगे। सरकार के अपने ही दावे के मुताबिक कुल 195 क्लीनिक काम कर रहे हैं।