BREAKING NEWS

दिल्ली हिंसा में मरने वालों की संख्या 27 पर पहुंची, हालात अभी भी तनावपूर्ण ◾कांग्रेस ने प्रधानमन्त्री मोदी पर कसा तंज, कहा- अगर शाह पर भरोसा नहीं तो बर्खास्त क्यों नहीं करते◾दिल्ली हिंसा में शामिल 106 लोग गिरफ्तार सहित 18 एफआईआर दर्ज, दिल्ली पुलिस ने जारी किए हेल्पलाइन नंबर◾मुख्यमंत्री केजरीवाल ने किया हिंसाग्रस्त उत्तर-पूर्वी दिल्ली का दौरा ◾अपने दौरे के बाद एनएसए डोभाल ने गृह मंत्री अमित शाह को उत्तर पूर्वी दिल्ली में मौजूदा हालात की जानकारी दी◾एनएसए डोभाल ने किया दंगा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा, बोले- उत्तर पूर्वी दिल्ली में हालात नियंत्रण में ◾TOP 20 NEWS 26 February : आज की 20 सबसे बड़ी खबरें◾शहीद हेड कांस्टेबल रतन लाल के परिवार को 1 करोड़ और एक सदस्य नौकरी देंगे - अरविंद केजरीवाल ◾दिल्ली HC ने पुलिस को भड़काऊ बयान देने वाले BJP नेताओं पर FIR करने की दी सलाह◾दिल्ली हिंसा : IB अफसर अंकित शर्मा का मिला शव, हिंसा ग्रस्त इलाको में जारी है तनाव ◾हिंसा पर दिल्ली हाई कोर्ट सख्त, कहा-देश में एक और 1984 नहीं होने देंगे◾दिल्ली हिंसा पर PM मोदी की लोगों से अपील, ट्वीट कर लिखा-जल्द से जल्द बहाल हो सामान्य स्थिति◾दिल्ली हिंसा : हाई कोर्ट ने कपिल मिश्रा का वीडियो क्लिप देख कर पुलिस को लगाई कड़ी फटकार ◾सीएए हिंसा पर प्रियंका गांधी ने लोगों से की अपील, बोली- हिंसा न करें, सावधानी बरतें ◾सोनिया गांधी ने दिल्ली हिंसा को बताया सुनियोजित, गृहमंत्री से की इस्तीफे की मांग◾दिल्ली हिंसा : हेड कांस्टेबल रतनलाल को दिया गया शहीद का दर्जा, पत्नी को नौकरी के साथ मिलेंगे 1 करोड़ ◾सुप्रीम कोर्ट ने सीएए हिंसा को बताया दुर्भाग्यपूर्ण, याचिकाओं पर सुनवाई से किया इनकार ◾दिल्ली में हुई हिंसा के बाद यूपी में हाई अलर्ट, संवेदनशील जिलों में पुलिस बलों के साथ पीएसी तैनात ◾राजस्थान के बूंदी में नदी में बस गिरने से 24 लोगों की मौत, मृतकों में 3 बच्चे शामिल◾दिल्ली के तनावपूर्ण इलाके छावनी में तब्दील, सुरक्षा बलों के फ्लैगमार्च के साथ स्पेशल सीपी ने किया दौरा◾

NGT का CPCB को ध्वनि प्रदूषण मानचित्र तैयार करने का निर्देश

राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) ने केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) को ध्वनि प्रदूषण मानचित्र और पूरे देश में इस मुद्दे को सुलझाने के लिए उपचारात्मक कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया है।

हरित अधिकरण ने कहा कि ध्वनि प्रदूषण नियम लागू नहीं होने से नागरिकों, विशेष तौर पर बच्चों एवं वरिष्ठ नागरिकों का स्वास्थ्य प्रभावित होता है। उसने कहा कि इससे नींद, आराम, अध्ययन और अन्य वैध गतिविधियां भी प्रभावित होती हैं।

एनजीटी अध्यक्ष न्यायमूर्ति आदर्श कुमार गोयल के नेतृत्व वाली एक पीठ ने सीपीसीबी को मानचित्र तैयार करने, ध्वनि प्रदूषण स्थलों की पहचान करने और तीन महीने में उपचारात्मक कार्ययोजना प्रस्तावित करने का निर्देश दिया।

बिहार : राजग में सीटों का बंटवारा, जानें किसके खाते में आई कौन सी सीट

एनजीटी ने इस पर गौर किया कि सीपीसीबी ने ध्वनि निगरानी तंत्र स्थापित किया है जो सात शहरों में लगातार आधार पर कार्य कर रहा है। एनजीटी ने बोर्ड से कहा कि वह ऐसा तंत्र उन सभी शहरों में स्थापित करने पर विचार करे जहां ध्वनि का स्तर अनुमेय सीमा से अधिक है।

एनजीटी ने कहा, ‘‘राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड पुलिस के साथ मिलकर ध्वनि स्तर की निगरानी कर सकते हैं और उपचारात्मक कार्रवाई कर सकते हैं।’’

अधिकरण ने कहा, ‘‘सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के पुलिस विभाग तीन महीने के भीतर ध्वनि निगरानी उपकरणों प्राप्त कर सकते हैं और ऐसे उपकरणों के विनिर्देशों को संबंधित राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्डों के साथ मशविरा करके अंतिम रूप दिया जा सकता है।’’

एनजीटी ने कहा कि पुलिस ऐसे उपकरणों के इस्तेमाल के बारे में अपने कर्मचारियों को प्रशिक्षित कर सकती है और उल्लंघनकर्ताओं के खिलाफ उचित कार्रवाई करने के लिए एक मजबूत मसविदा विकसित कर सकती है।