पश्चिमी दिल्ली : बाहरी दिल्ली के रनहौला इलाके में एक पब्लिक स्कूल में नर्सरी की छात्रा के साथ छेड़छाड़ का सनसनीखेज मामला सामने आया है। बुधवार को स्कूल प्रशासन ने बच्ची की तबीयत खराब होने की बात कर परिजनों को स्कूल बुलाया था। प्राइवेट डॉक्टर के पास ले जाने पर डॉक्टर ने चार वर्षीय बच्ची के साथ कुछ गलत होने की आशंका जताई।

परिजनों ने स्कूल प्रशासन से इसकी शिकायत की तो स्कूल प्रशासन ने अपना पलड़ा झाड़ लिया। गुरुवार को स्थानीय लोगों को इस घटना की जानकारी मिली तो दोबारा स्कूल प्रबंधन से बातचीत की गई। इस बार भी स्कूल का रवैया टरकाने वाला था। इस बात पर परिजन व स्थानीय लोग भड़क गए।

लोगों ने स्कूल में घुसकर जमकर तोड़फोड़ कर दी। पुलिस बल ने लोगों को स्कूल से खदेड़ा गया। इलाके में तनाव का माहौल है। रनहौला पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस के अनुसार, मासूम सपरिवार रनहौला में रहती है। परिवार में माता-पिता व अन्य सदस्य हैं। मासूम के पिता प्राइवेट नौकरी करते हैं।

मासूम घर के पास ही एक निजी पब्लिक स्कूल में नर्सरी में पढ़ती है। करीब 300 गज में बना स्कूल नर्सरी से क्लास आठवीं तक है। ग्राउंड फ्लोर के अलावा स्कूल में दो मंजिले और बनी है। स्कूल में 20 से अधिक कमरे हैं। बुधवार को स्कूल प्रशासन ने मासूम के परिजनों को उसकी तबीयत खराब होने की सूचना दी। मां स्कूल पहुंची तो बच्ची के कपड़े गंदे थे।

बच्ची पेट में दर्द बता रही थी। मां बच्ची को प्राइवेट क्लीनिक पर लेकर पहुंची तो डॉक्टर ने बच्ची के साथ कुछ गलत होने की आशंका जाहिर की। बच्ची से पूछा गया तो उसने किसी बड़े बच्चे द्वारा गंदी हरकत करने की बात बताई। परिजन बच्ची को लेकर स्कूल पहुंचे तो स्कूल प्रशासन ने मामले से अपना पलड़ा झाड़ लिया। मामले की सूचना पुलिस को दी गई।

पुलिस ने बच्ची का डीडीयू अस्पताल में मेडिकल कराया, जिसके बाद मामला दर्ज कर लिया गया। घटना के बारे में स्थानीय लोगों को जानकारी मिली तो उन्होंने स्कूल प्रशासन के खिलाफ काफी नाराजगी जाहिर की। गुरुवार सुबह करीब 9.00 बजे परिजन व स्थानीय लोग स्कूल में पहुंचे। स्कूल प्रशासन ने स्कूल में बच्ची के साथ गलत काम होने की बात से दोबारा अपना पलड़ा झाड़ा तो लोग भड़क गए।

उन्होंने स्कूल में हंगामा शुरू कर दिया। गुस्साई भीड़ ने स्कूल में तोड़फोड़ शुरू कर दी। स्कूल के शीशे, फर्नीचर व अन्य सामान को तोड़ दिया। स्कूल में मौजूद लोगों ने भागकर अपनी जान बचाई। इधर, बवाल की सूचना मिलते ही कई थानों की पुलिस को मौके पर बुलाया गया। पुलिस ने शुरुआत में भीड़ को मौके से खदेड़ दिया। पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने परिजनों को दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन देकर शांत कराया। देर शाम तक स्कूल के आसपास तनाव बना हुआ था।