पुन्हाना : मंगलवार को पटाकपुर गांव में पुलिस व ग्रामीणों की झडप के बाद गांव नहेदा निवासी साहिब की मौत के मामले में महापंचायत की मांगों के समक्ष मेवात पुलिस को आखिर झुकना पड़ा। पंचायत की मांग पर जहां पुलिस कप्तान ने एस आई टी का गइन कर दोनों मामलों की निष्पक्ष जांच के आदेश दिए, वहीं पुन्हाना सिटी चौकी, सी आई ए पुन्हाना व उत्तराखंड़ पुलिस के तकरीबन तीन दर्जन कर्मचारियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया। इसके अलावा मृतक साहिब का पोस्टमार्टम दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में कराए जाने का निर्णय लिया गया। परंतु इसके बावजूद भी पंचायत धरना लगातार जारी रहेगा और शव को तब तक नहीं दफनाया जाएगा जब तक पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्यवाही नहीं होगी तथा जांच पूरी नहीं होगी। पुलिस व पंचायत के बीच चली वार्ता से भले ही पंचायत के लोगों को कुछ राहत मिली हो परंतु शव दफनाने तक पुलिस की परेशानी से इंकार नहीं किया जा सकता। पुन्हाना में गुरूवार को भी भारी पुलिस बल मौजूद रहा।

गुरूवार को लगातार दूसरे दिन चली पंचायत में जमीयत उलेमा हिंद के सदर मौलाना याहया, नूँह विधायक जाकिर हुसैन, फिरोजपुर झिरका विधायक नसीम अहमद, तावडू से बसपा नेता जावेद खान, पूर्व मंत्री मौ. इलियास, कांग्रेस नेता व पूर्व परिवहन मंत्री आफताब अहमद, पूर्व मंत्री आजाद मौ., कांग्रेस नेता एजाज खान, साहब खां पटवारी, मामन खान इजींनियर, सुभान खां गोहेता, जिला पार्षद तारीफ खुर्शीद, पूर्व विधायक हबीर्बुरहमान, भाजपा प्रदेश अल्पसंख्यक मोर्चे के अध्यक्ष इकबाल जैलदार, एडवोकेट रमजान चौधरी, मेवात विकास सभा के अध्यक्ष रशीद अहमद, बार एसोसिशन के प्रधान मुमताज एडवोकेट, मकसूद शिकरावा, सिरौली बाईसी के चौधरी शोकत घुडचढ़ी सहित सैकड़ों लोग शामिल हुए। जिसमें साहिब की मौत पर विस्तार से चर्चा हुई।

पंचायत में सभी लोगों ने एक स्वर में दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ मामला दर्ज करने व गिरफ्तारी होने तक शव का पोस्टमार्टम न कराने का निर्णय लिया गया। दोपहर लगभग एक बजे मेवात पुलिस कप्तान नाजनीन भसीन व पंचायत द्वारा बनाई गई साहिब इंसाफ कमेटी के लोगों के बीच नगरपालिका पुन्हाना में लगभग दो घंटे बातचीत चली। जिसमें कमेटी अपनी बात पर अड़ी रही। आखिर में पुलिस कप्तान द्वारा कमेटी के लोगों को साहिब की हत्या व पटाकपुर गांव के 125 लोगों पर दर्ज हुए मामले की जांच के लिए स्पेशल एस आई टी गठित कर दी गई।

जिसमें दो डीएसपी, दो इंसपेक्टर, दो कानूनी जानकार व पंचायत के लोग शामिल रहेगें। इसके अलावा मृतक साहिब के पोस्टमार्टम दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में कराया जायेगा। वहीं ग्रामीणों पर दर्ज हुए मामले में निष्पक्ष जांच की जाएगी। जो निर्दोष होगा उसे मामले से बरी किया जाएगा। मेवात पुलिस कप्तान ने पंचायत के लोगों को भरोसा दिलाया कि किसी भी सूरत में कार्यवाही पूरी निष्पक्षता से की जाएगी।

– गुरुदत्त भारद्वाज