देश में एम्स अस्पताल का सर्वर हैक होने के एक सप्ताह बाद भारत सरकार का जल शक्ति मंत्रालय हैकर्स के निशाने पर आ गया है। हैकर्स ने जल शक्ति मंत्रालय के सर्वर को भी हैक कर लिया है। इस मामले में अधिकारियों ने कहा कि, मंत्रालय के खाते की हैकिंग की संबंधित एजेंसियों द्वारा प्रारंभिक जांच शुरू की गई। खाते को शीघ्र ही बहाल कर दिया गया और हैक किए गए खाते से संदिग्ध ट्वीट हटा दिए गए। सूत्रों ने कहा कि, हैकिंग मंगलवार सुबह हुई जब पेज पर संदिग्ध गतिविधि देखी गई। मामला तब सामने आया जब आज सुबह जल शक्ति मंत्रालय के खाते से पहली बार क्रिप्टो वॉलेट सुई वॉलेट को बढ़ावा देने वाला एक ट्वीट पोस्ट किया गया।
इसी वर्ष भाजपा अध्यक्ष जे.पी.नड्डा का भी हैक हुआ था अकाउंट
खबरों के मुताबिक हैकर्स ने सुई का 'लोगो' के साथ खाते की प्रोफाइल तस्वीर भी बदल दी गई थी। हैकिंग के बाद, मंत्रालय के हैंडल से किए गए ट्वीट में कई अज्ञात खातों को भी टैग किया गया था और बाद के ट्वीट्स में भी यही पैटर्न था। ट्विटर अकाउंट हैक होने का यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले इसी साल फरवरी में भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जे.पी. नड्डा का ट्विटर अकाउंट हैक कर लिया गया था और इसमें क्रिप्टो दान पर ट्वीट्स किए गए। इससे पहले इसी साल जनवरी में सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के ट्विटर अकाउंट को कुछ समय के लिए हैक किया गया था और हैकर्स ने अकाउंट का नाम बदल दिया था।
एम्स के हमले को पूरी तरह से हल किया जाना अभी बाकी है
इसके अलावा, 23 नवंबर को अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स), दिल्ली के सर्वरों को खराब करने वाले रैंसमवेयर हमले को पूरी तरह से हल किया जाना अभी बाकी है। कई एजेंसियां देश के महत्वपूर्ण प्रतिष्ठान पर साइबर हमले की जांच कर रही हैं। एम्स दिल्ली में साइबर हमले के परिणामस्वरूप डेटा लीक हुआ और लैब सेवाओं, बिलिंग, रिपोर्ट जनरेशन, अपॉइंटमेंट शेड्यूलिंग और अन्य सहित अस्पताल की डिजिटल सेवाओं को प्रभावित किया।