BREAKING NEWS

मध्य प्रदेश में तीन चरणों में होंगे पंचायत चुनाव, EC ने तारीखों का किया ऐलान ◾कल्याण और विकास के उद्देश्यों के बीच तालमेल बिठाने पर व्यापक बातचीत हो: उपराष्ट्रपति◾वरिष्ठ पत्रकार विनोद दुआ का हआ निधन, दिल्ली के अपोलो अस्पताल में थे भर्ती◾ MSP और केस वापसी पर SKM ने लगाई इन पांच नामों पर मुहर, 7 को फिर होगी बैठक◾ IND vs NZ: एजाज के ऐतिहासिक प्रदर्शन पर भारी पड़े भारतीय गेंदबाज, न्यूजीलैंड की पारी 62 रन पर सिमटी◾भारत में 'Omicron' का तीसरा मामला, साउथ अफ्रीका से जामनगर लौटा शख्स संक्रमित ◾‘बूस्टर’ खुराक की बजाय वैक्सीन की दोनों डोज देने पर अधिक ध्यान देने की जरूरत, विशेषज्ञों ने दी राय◾देहरादून पहुंचे PM मोदी ने कई विकास योजनाओं का किया शिलान्यास व लोकार्पण, बोले- पिछली सरकारों के घोटालों की कर रहे भरपाई ◾ मुंबई टेस्ट IND vs NZ - एजाज पटेल ने 10 विकेट लेकर रचा इतिहास, भारत के पहली पारी में 325 रन ◾'कांग्रेस को दूर रखकर कोई फ्रंट नहीं बन सकता', गठबंधन पर संजय राउत का बड़ा बयान◾अमित शाह बोले- PAK में सर्जिकल स्ट्राइक कर भारत ने स्पष्ट किया कि हमारी सीमा में घुसना आसान नहीं◾केंद्र ने अमेठी में पांच लाख AK-203 असॉल्ट राइफल के निर्माण की मंजूरी दी, सैनिकों की युद्ध की क्षमता बढ़ेगी ◾Today's Corona Update : देश में पिछले 24 घंटे के दौरान 8 हजार से अधिक नए केस, 415 लोगों की मौत◾चक्रवाती तूफान 'जवाद' की दस्तक, स्कूल-कॉलेज बंद, पुरी में बारिश और हवा का दौर जारी◾विश्वभर में कोरोना के आंकड़े 26.49 करोड़ के पार, मरने वालों की संख्या 52.4 लाख से हुई अधिक ◾आजाद ने सेना ऑपरेशन के दौरान होने वाली सिविलिन किलिंग को बताया 'सांप-सीढ़ी' जैसी स्थिति◾SKM की बैठक से पहले राकेश टिकैत ने कहा- उम्मीद है कि आज की मीटिंग में कोई समाधान निकलना चाहिए◾राष्ट्रपति ने किया ट्वीट, देश की रक्षा सहित कोविड से निपटने में भी नौसेना ने निभाई अहम भूमिका◾तेजी से फैल रहा है ओमिक्रॉन, डब्ल्यूएचओ ने कहा- वेरिएंट पर अंकुश लगाने के लिए लॉकडाउन अंतिम उपाय◾सिंघु बॉर्डर पर संयुक्त किसान मोर्चा की आज होगी अहम बैठक, आंदोलन की आगे की रणनीति होगी तय◾

देश में बैन हो सकती हैं सभी प्राइवेट क्रिप्टोकरेंसी, शीतकालीन सत्र में क्रिप्टो बिल हो सकता है पेश

संसद के शीतकालीन सत्र में सरकार क्रिप्टोकरेंसी से संबंधित विधेयक पेश कर सकती है जिसमें निजी क्रिप्टोकरेंसी को प्रतिबंधित करने तथा आरबीआई द्वारा जारी डिजिटल मुद्रा को विनियमित करने के लिये ढांचा तैयार करने की बात कही गई है।

शीतकालीन सत्र में क्रिप्टो बिल हो सकता है पेश

लोकसभा के बुलेटिन के अनुसार, संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान निचले सदन में पेश किये जाने वाले विधेयकों की सूची में क्रिप्टोकरेंसी एवं आधिकारिक डिजिटल मुद्रा विनियमन विधेयक 2021 सूचीबद्ध है।

इस विधेयक में भारतीय रिजर्ब बैंक द्वारा जारी आधिकारिक डिजिटल मुद्रा के सृजन के लिये एक सहायक ढांचा सृजित करने की बात कही गई है। इस प्रस्तावित विधेयक में भारत में सभी तरह की निजी क्रिप्टोकरेंसी को प्रतिबंधित करने की बात कही गई है। हालांकि, इसमें कुछ अपवाद भी है, ताकि क्रिप्टोकरेंसी से संबंधित प्रौद्योगिकी एवं इसके उपयोग को प्रोत्साहित किया जाए।

PM मोदी ने क्रिप्टोकरेंसी को लेकर वरिष्ठ अधिकारियों के साथ की थी बैठक

भारत में अभी क्रिप्टोकरेंसी के उपयोग के संबंध में न तो कोई प्रतिबंध है और न ही कोई नियमन की व्यवस्था है।

इस पृष्ठभूमि में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसी महीने क्रिप्टोकरेंसी को लेकर वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक की थी और संकेत दिया था कि इस मुद्दे से निपटने के लिये सख्त विनियमन संबंधी कदम उठाये जायेंगे ।

हाल के दिनों में काफी संख्या में ऐसे विज्ञापन आ रहे हैं जिसमें क्रिप्टोकरेंसी में निवेश में काफी फायदे का वादा किया गया और इनमें फिल्मी हस्तियों को भी दिखाया गया । ऐसे में निवेशकों को गुमराह करने वाले वादों को लेकर चिंता व्यक्त की जा रही थी ।

पिछले सप्ताह वित्त मामलों पर संसद की स्थायी समिति के अध्यक्ष एवं भाजपा सांसद जयंत सिन्हा ने क्रिप्टो एक्सचेंजों, ब्लाकचेन एवं क्रिप्टो आस्ति परिषद (बीएसीसी) के प्रतिनिधियों एवं अन्य लोगों से मुलाकात की थी और इस निष्कर्ष पर पहुंचे कि क्रिप्टो करेंसी को प्रतिबंधित नहीं किया जाना चाहिए बल्कि इसका नियमन किया जाना चाहिए ।

क्रिप्टोकरेंसी वित्तीय प्रणाली के लिये गंभीर खतरा

भारतीय रिजर्ब बैंक ने बार बार क्रिप्टोकरेंसी के खिलाफ सख्त विचार व्यक्त किये है। आरबीआई के गवर्नर शक्तिकांत दास ने भी इस महीने के प्रारंभ में क्रिप्टोकरेंसी को अनुमति दिये जाने के खिलाफ सख्त विचार व्यक्त किये थे और कहा था कि ये किसी वित्तीय प्रणाली के लिये गंभीर खतरा है।

जानिए ! क्या है क्रिप्टोकरेंसी

बता दें, क्रिप्टोकरेंसी एक वर्चुअल करेंसी है। आसान शब्दों में कहें तो क्रिप्टोकरेंसी एक डिजिटल कैश प्रणाली है। और इसका कोई फिजिकल एग्जीस्टेंस नहीं होता यानी की यह नोट और सिक्कों की तरह आपके हाथ में नहीं है। वहीं, यह कम्प्यूटर एल्गोरिदम पर बनी है जो सिर्फ डिजिट के रूप में ऑनलाइन रहती है।

भारत, अमेरिका सहित लगभग सभी देशों ने क्रिप्टोकरेंसी को अभी नहीं दी मान्यता 

कुछ दक्षिणी अमेरिकी देशों ने क्रिप्टोकरेंसी को मान्यता दी है लेकिन इसके लिए कोई औपचारिक दिशा-निर्देश नहीं है। भारत, अमेरिका सहित लगभग सभी देशों ने क्रिप्टोकरेंसी को अभी मान्यता नहीं दी है। इसलिए यह वैध नहीं है। लेकिन कई देशों के केंद्रीय बैंक इस दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। भारत में क्रिप्टोकरेंसी प्रतिबंधित है लेकिन आरबीआई ने हाल ही में कहा है कि वह अपना डिजिटल करेंसी लाने के बारे में विचार कर रहा है।

जानिए ! क्रिप्टोकरेंसी के नाम

बिटकॉइन, इथरनम, टीथर, बिनेंसे कॉइन, कार्डानो, इनमें से बिटकॉइन सबसे पुराना है। साल 2008 में भारी आर्थिक मंदी के बाद साल 2009 में इसकी शुरुआत हुई थी। एक छद्म नाम सतोषी नाकामोतो ने इसे बनाया था।