BREAKING NEWS

करनाल से बीजेपी के पूर्व सांसद अश्विनी कुमार चोपड़ा के निधन पर राजनाथ सिंह समेत इन नेताओं ने जताया शोक ◾PM मोदी ने वरिष्ठ पत्रकार और पूर्व सांसद अश्विनी चोपड़ा के निधन पर शोक प्रकट किया ◾पंजाब केसरी दिल्ली के मुख्य संपादक और पूर्व भाजपा सांसद श्री अश्विनी कुमार जी को भावपूर्ण श्रद्धांजलि ◾निर्भया गैंगरेप: अपराध के समय दोषी पवन नाबलिग था या नहीं? 20 जनवरी को सुनवाई करेगा सुप्रीम कोर्ट◾सीएए पर प्रदर्शनों के बीच CJI बोबड़े ने कहा- यूनिवर्सिटी सिर्फ ईंट और गारे की इमारतें नहीं◾कमलनाथ सरकार के खिलाफ धरने पर बैठे MLA मुन्नालाल गोयल, घोषणा पत्र में किए गए वादों को पूरा नहीं करने का लगाया आरोप ◾नवाब मलिक बोले- अगर भागवत जबरदस्ती पुरुष की नसबंदी कराना चाहते हैं तो मोदी जी ऐसा कानून बनाए◾संजय राउत ने सावरकर को लेकर कांग्रेस पर साधा निशाना, बोले- विरोध करने वालों को भेजो जेल, तब सावरकर को समझेंगे'◾दोषियों को माफ करने की इंदिरा जयसिंह की अपील पर भड़कीं निर्भया की मां, बोलीं- ऐसे ही लोगों की वजह से बच जाते हैं बलात्कारी◾पाकिस्‍तान: सुप्रीम कोर्ट ने देशद्रोह मामले में फैसले के खिलाफ मुशर्रफ की याचिका पर सुनवाई से किया इनकार ◾सीएए और एनआरसी के खिलाफ लखनऊ में महिलाओं का प्रदर्शन जारी◾NIA ने संभाली आतंकियों के साथ पकड़े गए DSP दविंदर सिंह मामले की जांच की जिम्मेदारी◾वकील इंदिरा जयसिंह की निर्भया की मां से अपील, बोलीं- सोनिया गांधी की तरह दोषियों को माफ कर दें◾ट्रंप ने ईरान के 'सुप्रीम लीडर' को दी संभल कर बात करने की नसीहत◾ राजधानी में छाया कोहरा, दिल्ली आने वाली 20 ट्रेनें 2 से 5 घंटे तक लेट◾निर्भया : घटना के दिन नाबालिग होने का दावा करते हुए पवन पहुंचा सुप्रीम कोर्ट◾PM मोदी ने मंत्रियों से कहा, कश्मीर में विकास का संदेश फैलाएं और गांवों का दौरा करें ◾भाजपा ने अब तक 8 पूर्वांचलियों पर लगाया दांव◾यूरोपीय संघ के उच्च प्रतिनिधि ने PM मोदी से भेंट की◾दिल्ली पुलिस आयुक्त को NSA के तहत मिला किसी को भी हिरासत में लेने का अधिकार◾

पोर्नोग्राफी के खिलाफ राज्यसभा के सदस्यों का अनौपचारिक समूह एक महीने में देगा रिपोर्ट : वेंकैया नायडू

राज्यसभा के सभापति एम वेंकैया नायडू ने बृहस्पतिवार को बताया कि बच्चों के खिलाफ बढ़ते यौन उत्पीड़न के अपराधों पर रोक के लिए विचार विमर्श करने तथा उपाय सुझाने के लिए उच्च सदन के सदस्यों का बनाया गया एक अनौपचारिक समूह एक माह के अंदर अपनी रिपोर्ट देगा। बैठक शुरू होने पर सभापति ने आवश्यक दस्तावेज सदन के पटल पर रखवाए। इसके बाद उन्होंने सदन को सूचित किया कि बच्चों के खिलाफ बढ़ते यौन उत्पीड़न के अपराधों का मुद्दा पिछले सप्ताह उठाए जाने पर उन्होंने उच्च सदन के सदस्यों का एक अनौपचारिक समूह बनाने का सुझाव दिया था। सभापति के अनुसार, उन्होंने कहा था कि कांग्रेस के वरिष्ठ सदस्य जयराम रमेश समूह का समन्वय करेंगे। 

नायडू ने सदन में कहा कि पोर्नोग्राफी की समस्या पर विचार विमर्श करने तथा इसके हल के उपाय सुझाने के लिए बनाए गए इस समूह से उन्होंने चर्चा कर एक माह में रिपोर्ट देने के लिए कहा है। सभापति ने बताया कि इस समूह में उच्च सदन में बीजद के सदस्य अमर पटनायक, कांग्रेस के जयराम रमेश, डॉ अमी याज्ञिक और प्रो राजीव गौड़ा, भाजपा के राजीव चंद्रशेखर, डॉ विनय सहस्रबुद्धे और रूपा गांगुली, तृणमूल कांग्रेस के डेरेक ओ ब्रायन, सपा की जया बच्चन, जदयू की कहकशां परवीन, आम आदमी पार्टी के संजय सिंह, द्रमुक के तिरुचि शिवा, राकांपा की वंदना चव्हाण तथा अन्नाद्रमुक की विजिला सत्यानंद शामिल हैं। 

उन्होंने कहा कि पोर्नोग्राफी के मुद्दे पर गठित इस अनौपचारिक समूह के सदस्य समाज के प्रबुद्ध लोगों, सामाजिक संगठनों, सोशल मीडिया, कंप्यूटर आपात प्रतिक्रिया दल तथा विशेषज्ञों आदि से बातचीत कर सकते हैं। गौरतलब है कि 28 नवंबर को उच्च सदन में शून्यकाल के दौरान अन्नाद्रमुक की विजिला सत्यानंद ने इंटरनेट पर बच्चों से जुड़ी अश्लील सामग्री का मुद्दा उठाते हुए कहा था कि मोबाइल फोन और इंटरनेट पर बच्चों से जुड़ी अश्लील सामग्री तक आसानी से पहुंच होने की वजह से बाल उत्पीड़न के मामले बढ़ रहे हैं। 

उन्होंने इंटरनेट एवं सोशल मीडिया पर ऐसी सामग्री की बहुतायत होने का जिक्र करते हुए कहा कि लगभग हर दिन बच्चियों के यौन उत्पीड़न की खबरें आती हैं। इस पर हस्तक्षेप करते हुए महिला एवं बाल विकास मंत्री स्मृति ईरानी ने कहा था कि बच्चों से जुड़ी अश्लील सामग्री वाली करीब 377 वेबसाइटों को हटा दिया गया है और बाल उत्पीड़न के संबंध में 50 प्राथमिकी दर्ज की गई हैं। स्मृति ने यह भी कहा था कि इस तरह की किसी भी घटना की उन्हें तत्काल सूचना दी जाए ताकि तत्काल कार्रवाई की जा सके। 

अगले दिन, 29 नवंबर को सभापति नायडू ने सुझाव दिया था कि कुछ वरिष्ठ संसद सदस्य एक समूह बना कर इस संबंध में चर्चा के जरिये समाधान का प्रयास कर सकते हैं। सभापति ने कहा था कि यह आधिकारिक समिति नहीं होगी। लेकिन यह देश हित में किया जाने वाला एक कार्य होगा। मोबाइल फोन और इंटरनेट पर बच्चों से जुड़ी अश्लील सामग्री तक आसानी से पहुंच होने की वजह से बाल उत्पीड़न के बढ़ते मामलों पर चिंता जताते हुए नायडू ने कहा था ‘‘सदन में चर्चा के जरिये एक आम राय बनानी चाहिए। हम समाधान का रास्ता निकाल सकते हैं ताकि आवश्यक कार्रवाई की जा सके। यह एक गंभीर मुद्दा है और अभिभावक बच्चों को लेकर बहुत चिंतित हैं।’’ सदन में मौजूद सदस्यों ने नायडू के इस सुझाव पर सहमति जताई थी।