BREAKING NEWS

CAA और NRC को लेकर प्रशांत किशोर की शाह को चुनौती, कहा-परवाह नहीं तो आगे बढ़िए और लागू कीजिए कानून◾पहाड़ो पर हिमपात से राजधानी में बढ़ी ठंड, कोहरे के चलते दिल्ली एयरपोर्ट से पांच विमानों के बदले गए मार्ग◾CAA को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर सुप्रीम कोर्ट आज करेगा सुनवाई◾जेपी नड्डा और अमित शाह ने दिल्ली भाजपा की चुनावी तैयारियों का लिया जायजा◾JNU में हिंसा से पहले चार पत्र लिखकर प्रशासन को छात्रों से वार्ता करने को कहा गया था : दिल्ली पुलिस◾यात्रीगण कृपया ध्यान दें, दिल्ली आने वाली 22 ट्रेनें आज 1 से 8 घंटे तक लेट◾आप नेता सुनीता, उमेद और अनवर भाजपा में शामिल◾बैंक धोखाधड़ी : हीरा कारोबारी के 13 ठिकानों पर सीबीआई छापे◾केजरीवाल के नामांकन पत्र दाखिले में चुनाव आयोग ने जानबूझकर विलंब नहीं किया : दिल्ली निर्वाचन कार्यालय◾केजरीवाल के पास कुल 3.4 करोड़ रुपये की संपत्ति, 2015 से 1.3 करोड़ रुपये बढ़त◾दावोस में डोनाल्ड ट्रंप से मिले इमरान , अमेरिकी राष्ट्रपति बोले- कश्मीर पर करीबी नजर◾टुकड़े-टुकड़े गैंग का अस्तित्व है और वह सरकार चला रहा है : थरूर◾गणतंत्र दिवस : 23 जनवरी को परेड रिहर्सल, दिल्ली पुलिस ने जारी की सूचना, ये मार्ग रहेंगे बंद, यहां से जाना होगा !◾ब्राजील के राष्ट्रपति बोलसोनारो शुक्रवार को चार दिवसीय यात्रा पर आएंगे भारत◾दिल्ली को सर्दी से मिली फौरी तौर पर राहत, उत्तर प्रदेश और हरियाणा में अभी भी शीत लहर ◾भारत कठिन दौर से गुजर रहा है, नीचे बनी रहेगी आर्थिक वृद्धि दर : अर्थशास्त्री◾अदालत ने आजाद की जमानत शर्तों में बदलाव कर चिकित्सा, चुनावी कारणों से दिल्ली आने की इजाजत दी◾अमित शाह की रैली में शरणार्थियों का छलका दर्द◾जम्मू कश्मीर के लोगों से उनकी समस्याओं के बारे में सुनना चाहता है केंद्र : नकवी ◾छह घंटे के इंतजार के बाद केजरीवाल ने नामांकन पत्र किया दाखिल◾

CAA पर बोले नोबेल पुरस्कार विजेता अमर्त्य सेन- प्रदर्शनों के लिए जरुरी है विपक्ष की एकता

नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) को रद्द करने की मांग करने के कुछ ही दिन बाद नोबेल पुरस्कार विजेता अमर्त्य सेन ने कहा कि किसी भी कारण के लिए प्रदर्शन करने की खातिर विपक्ष की एकता जरूरी है। उन्होंने यह भी कहा कि विपक्ष में एकता नहीं होने के बावजूद प्रदर्शन जारी रह सकते हैं। वह सीएए, एनआरसी और एनपीआर को लेकर देशभर में चल रहे प्रदर्शनों के संबंध में पत्रकारों के सवालों का जवाब दे रहे थे। 

अमर्त्य सेन ने कहा, "किसी भी तरह के प्रदर्शन के लिए विपक्ष की एकता आवश्यक है। ऐसे में प्रदर्शन आसान हो जाते हैं। अगर प्रदर्शन जरूरी बात के लिए हो तो एकता जरूरी है।" उन्होंने कहा, "लेकिन अगर एकता नहीं है तो इसका मतलब यह नहीं है कि हम प्रदर्शन बंद कर देंगे। जैसा कि मैंने कहा, एकता से प्रदर्शन आसान हो जाता है, लेकिन अगर एकता नहीं है तो भी हमें आगे बढ़ना होगा और जो जरूरी है, वह करना होगा।" 

सब्जियां और खाने-पीने की चीजों के बढ़ते दाम पर प्रियंका का वार, बोलीं- BJP सरकार ने गरीब के पेट पर मारी लात

इससे पहले नवनीता देब सेन स्मृति व्याख्यान में बोलते हुए अर्थशास्त्री ने कहा कि विपक्ष के तर्कों को ऐसा मानना है कि वह विवाद खड़ा करना चाह रहा है, तो एक बड़ी भूल है। सेन ने अपने भाषण में कहा,"विपक्ष की नवीन ताकतों की बारीकियों पर जोर देना आवश्यक है। हमें यह और ज्यादा जानने की जरूरत है कि मैं किस चीज को लेकर प्रदर्शन कर रहा/रही हूं। प्रदर्शन में दिल और दिमाग के बीच तालमेल होना चाहिए।" अमर्त्य सेन ने कहा, "जब संविधान या मानवाधिकारों में बड़ी गलती दिखाई देती है तो निश्चित तौर पर प्रदर्शन की वजहें होंगी।" देब सेन अर्थशास्त्री की पहली पत्नी थीं। उनका गत नवंबर को कोलकाता में उनके आवास पर निधन हो गया था। नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के आलोचक रहे सेन ने कुछ दिनों पहले कहा था कि विवादित नागरिकता संशोधन कानून रद्द किया जाना चाहिए।