देश में कोरोना वायरस की दूसरी लहर ने भयावह हालातों को जन्म दिया। सम्पूर्ण देश में फैले कोरोना संक्रमण के इस वेरिएंट को लेकर सोशल मीडिया पर कई तरह की अफवाहें चल रही हैं। इस बीच भारत सरकार ने सोशल मीडिया कंपनियों से कोरोना वायरस के “भारतीय वेरिएंट” या उसके संदर्भ वाले सभी कंटेंट को अपने प्लेटफॉर्म से हटाने को कहा है।
भारत के सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) मंत्रालय ने सभी सोशल मीडिया कंपनियों को पत्र लिखकर ऐसी सभी सामग्री को हटाने के लिए कहा है, जो कोरोना वायरस के इस स्वरुप को “भारतीय वेरिएंट” या इसके संदर्भ में हो। कोरोना को लेकर गलत सूचना के प्रसार को रोकने केलिए सरकार ने यह कदम उठाया है।
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सूत्रों ने कहा कि आईटी मंत्रालय ने अपने पत्र में कहा है कि स्वास्थ्य मंत्रालय ने 12 मई को ही इस बारे में स्थिति स्पष्ट कर दी थी। उन्होंने आगे कहा कि सोशल मीडिया कंपनियों से कहा गया है कि वे ऐसा हर वो कंटेंट हटा दें जिसमें कोरोना वायरस के “इंडियन वेरिएंट” का जिक्र हो, संदर्भ हो या उसका अर्थ भी निकलता हो।
इसके साथ ही आईटी मंत्रालय ने पत्र में यह भी लिखकर कहा है कि विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने अपनी किसी भी रिपोर्ट में ‘इंडियन वेरिएंट’ शब्द को कोरोनावायरस के B.1.617 वेरिएंट के साथ नहीं जोड़ा है। इससे पहले, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर कोरोना वायरस से संबंधित झूठी खबरों/गलत सूचनाओं पर अंकुश लगाने के संबंध में सलाह जारी की थी।


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