BREAKING NEWS

IAS (कैडर) नियामवली में संशोधन पर केंद्र आगे नहीं बढ़े: ममता ने फिर प्रधानमंत्री से की अपील◾कल के मुकाबले कोरोना मामलों में आई कमी, 12306 केस के साथ 43 मौतों ने बढ़ाई चिंता◾बिहार में 6 फरवरी तक बढ़ाया गया नाइट कर्फ्यू , शैक्षणिक संस्थान रहेंगे बंद◾यूपी : मैनपुरी के करहल से चुनाव लड़ सकते हैं अखिलेश यादव, समाजवादी पार्टी का माना जाता है गढ़ ◾स्वास्थ्य मंत्रालय ने दी जानकारी, कोविड-19 की दूसरी लहर की तुलना में तीसरी में कम हुई मौतें ◾बेरोजगारी और महंगाई जैसे मुद्दों पर कांग्रेस ने किया केंद्र का घेराव, कहा- नौकरियां देने का वादा महज जुमला... ◾प्रधानमंत्री मोदी कल सोमनाथ में नए सर्किट हाउस का करेंगे उद्घाटन, PMO ने दी जानकारी ◾कोरोना को लेकर विशेषज्ञों का दावा - अन्य बीमारियों से ग्रसित मरीजों में संक्रमण फैलने का खतरा ज्यादा◾जम्मू कश्मीर में सुरक्षाबलों को मिली बड़ी सफलता, शोपियां से गिरफ्तार हुआ लश्कर-ए-तैयबा का आतंकी जहांगीर नाइकू◾महाराष्ट्र: ओमीक्रॉन मामलों और संक्रमण दर में आई कमी, सरकार ने 24 जनवरी से स्कूल खोलने का किया ऐलान ◾पंजाब: धुरी से चुनावी रण में हुंकार भरेंगे AAP के CM उम्मीदवार भगवंत मान, राघव चड्ढा ने किया ऐलान ◾पाकिस्तान में लाहौर के अनारकली इलाके में बम ब्लॉस्ट , 3 की मौत, 20 से ज्यादा घायल◾UP चुनाव: निर्भया मामले की वकील सीमा कुशवाहा हुईं BSP में शामिल, जानिए क्यों दे रही मायावती का साथ? ◾यूपी चुनावः जेवर से SP-RLD गठबंधन प्रत्याशी भड़ाना ने चुनाव लड़ने से इनकार किया◾SP से परिवारवाद के खात्मे के लिए अखिलेश ने व्यक्त किया BJP का आभार, साथ ही की बड़ी चुनावी घोषणाएं ◾Goa elections: उत्पल पर्रिकर को केजरीवाल ने AAP में शामिल होकर चुनाव लड़ने का दिया ऑफर ◾BJP ने उत्तराखंड चुनाव के लिए 59 उम्मीदवारों के नामों पर लगाई मोहर, खटीमा से चुनाव लड़ेंगे CM धामी◾संगरूर जिले की धुरी सीट से भगवंत मान लड़ सकते हैं चुनाव, राघव चड्डा बोले आज हो जाएगा ऐलान ◾यमन के हूती विद्रोहियों को फिर से आतंकवादी समूह घोषित करने पर विचार कर रहा है अमेरिका : बाइडन◾गोवा चुनाव के लिए BJP की पहली लिस्ट, मनोहर पर्रिकर के बेटे उत्पल को नहीं दिया गया टिकट◾

मोदी सरकार का बड़ा फैसला, अब 24 नहीं 23 जनवरी से होगी गणतंत्र दिवस समारोह की शुरुआत

केंद्र की मोदी सरकार ने 24 जनवरी की जगह अब 23 जनवरी से गणतंत्र दिवस समारोह की शुरुआत करने का फैसला किया है। यह फैसला स्वतंत्रता सेनानी नेताजी सुभाष चंद्र बोस के जन्‍मदिन को गणतंत्र दिवस समारोह में शामिल करने की वजह से ल‍िया गया है।

सरकारी सूत्रों ने बताया कि यह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सरकार के रुख के अनकूल है जो भारत के इतिहास और संस्कृति के अहम पहलुओं को मनाने पर ध्यान केंद्रित कर रही है। उन्होंने रेखांकित किया कि इससे पहले बोस की जयंती को ‘पराक्रम दिवस’ के रूप में मनाने की शुरुआत की गई थी।

सूत्रों ने बताया कि अन्य दिवस जो हर साल मनाए जाने का फैसला लिया गया है उनमें 14 अगस्त को विभाजन विभिषिका स्मरण दिवस, 31 अक्टूबर को राष्ट्रीय एकता दिवस (सरदार वल्लभ भाई पटेल की जयंती), 15 नवंबर जनजातीय दिवस (बिरसा मुंडा जंयती), 26 नवंबर को संविधान दिवस और 26 दिसंबर को वीर बाल दिवस (सिखों के 10वें गुरु, गुरु गोबिंद सिंह के चार साहबजादों की याद में) शामिल हैं।