BREAKING NEWS

चीन के साथ 1962 के युद्ध ने विश्व मंच पर भारत की स्थिति को काफी नुकसान पहुंचाया : जयशंकर ◾झारखंड में रघुबर दास नहीं, मोदी-शाह करेंगे चुनाव प्रचार का नेतृत्व ◾भारत ने अयोध्या, कश्मीर पर पाकिस्तानी दुष्प्रचार का दिया करारा जवाब◾शी चिनफिंग और मोदी के बीच वार्ता ◾महाराष्ट्र में भाजपा-शिवसेना में विलगाव ने कांग्रेस-राकांपा को किया है एकजुट ◾गृहमंत्री अमित शाह शुक्रवार को जायेंगे सीआरपीएफ के मुख्यालय ◾झारखंड : भाजपा ने 15 उम्मीदवारों की तीसरी सूची जारी की ◾JNU में विवेकानंद की प्रतिमा के चबूतरे पर आपत्तिजनक संदेश◾राफेल की कीमत, ऑफसेट के भागीदारों के मुद्दों पर सरकार के निर्णय को न्यायालय ने सही करार दिया : सीतारमण ◾झारखंड चुनाव के पहले चरण के लिए कांग्रेस के 40 स्टार प्रचारकों की सूची जारी ◾आतंकवाद के कारण विश्व अर्थव्यवस्था को 1,000 अरब डॉलर का नुकसान : PM मोदी◾महाराष्ट्र गतिरोध : कांग्रेस, राकांपा और शिवसेना में बातचीत, सोनिया से मिल सकते हैं पवार ◾मोदी..शी की ब्राजील में बैठक के बाद भारत, चीन अगले दौर की सीमा वार्ता करने पर हुए सहमत ◾कुलभूषण जाधव मामले में पाकिस्तान ने भारत से किसी भी समझौते से किया इनकार ◾राफेल के फैसले से JPC की जांच का रास्ता खुला : राहुल गांधी ◾राफेल पर उच्चतम न्यायालय के फैसले के बाद देवेंद्र फड़णवीस बोले- राहुल गांधी को अब माफी मांगनी चाहिए ◾नोबेल विजेता कैलाश सत्यार्थी ने कहा- शुद्ध हवा सुनिश्चित करने के लिए प्रधानमंत्री को ठोस कदम उठाने चाहिए◾TOP 20 NEWS 14 November : आज की 20 सबसे बड़ी खबरें◾RSS-भाजपा को सबरीमाला पर न्यायालय का फैसला मान लेना चाहिए : दिग्विजय सिंह ◾महाराष्ट्र में राष्ट्रपति शासन लगाए जाने को लेकर CM ममता ने राज्यपाल कोश्यारी पर साधा निशाना ◾

देश

ट्रंप ‌‌‌फिर किम जोंग उन से मुलाकात के लिए तैयार, 12 जून को ही मिलेंगे

काफी जद्दोजहद और तमाम उठापटक के बाद अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप आखिरकार उत्तर कोरिया के सुप्रीम लीडर किम जोंग-उन से मुलाकात करने को एक बार फिर तैयार हो गए हैं। अब दोनों नेता पूर्व निर्धारित समय और स्थान पर ही मुलाकात करेंगे यानी ट्रंप और किम की मुलाकात सिंगापुर में 12 जून को ही होगी। यह पहली बार होगा, जब दोनों नेता एक-दूसरे से मुलाकात करेंगे।

व्हाइट हाउस में उत्तर कोरिया के वरिष्ठ अधिकारी किम योंग चोल से मिलने के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इसकी पुष्टि की. बताया जा रहा है कि उत्तर कोरिया के सुप्रीम लीडर किम जोंग उन ने अपने करीबी किम योंग चोल के जरिए ट्रंप को एक खत भेजा था, जिसको पढ़ते ही वो किम से सिंगापुर में पूर्व निर्धारित समय पर मिलने को राजी हो गए। किम योंग चोल के व्हाइट हाउस से जाने के फौरन बाद ट्रंप ने कहा,‘हम 12 जून को (सिंगापुर में) किम जोंग उन के साथ बैठक करने जा रहे हैं। यह अंत में एक सफल प्रक्रिया होगी।’

उन्होंने कहा, ‘मैं 12 जून को सिंगापुर की यात्रा करूंगा। संबंध बन रहे है। यह एक शुरुआत होगी. मैंने यह कभी नहीं कहा कि यह एक बैठक में होगा। मुझे लगता है कि एक बैठक में हमारे पास बहुत सकारात्मक परिणाम होंगे।’ अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा,‘बड़ी बात 12 जून को होगी। प्रक्रिया 12 जून को सिंगापुर में शुरू होगी।’

इससे पहले ट्रंप ने कई बार परमाणु हथियार कार्यक्रमों को लेकर किम का ‘रॉकेट मैन’ के रूप में मजाक भी बनाया है। वहीं, इस पर अमेरिकी राष्ट्रपति के अनुसार, ‘वे सभी टिप्पणियां एक रणनीति का हिस्सा हैं।’ ट्रंप से पूछा गया कि क्या किम दक्षिण कोरिया के साथ बातचीत शुरू कर सियोल और वाशिंगटन के बीच दूरी पैदा करने का इरादा रखते हैं? ट्रंप ने इससे इंकार नहीं किया।

उन्होंने किम जोंग उन को खत लिखकर सिंगापुर में 12 जून को मुलाकात करने से इनकार कर दिया था। इससे दोनों की मुलाकात की आस लगाए बैठी पूरी दुनिया को झटका लगा था। इसकी कई देशों ने कड़ी आलोचना भी की थी। हालांकि उत्तर कोरिया ने संयम से काम लिया और इस मुलाकात को बहाल करने के लिए कूटनीतिक वार्ता शुरू।

इस सिलसिले में किम ने उत्तर कोरिया के वरिष्ठ अधिकारी किम योंग चोल को अपना राजदूत बनाकर अमेरिका भेजा। किम योंग चोल ने वहां अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो से मुलाकात की और इसके बाद व्हाइट हाउस पहुंचकर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मिले। इस दौरान उन्होंने किम के खत को ट्रंप को सौंपा और वार्ता को लेकर उत्तर कोरिया का पक्ष रखा।

इस पर ट्रंप सिंगापुर में 12 जून को किम से मुलाकात करने को फिर तैयार हो गए और फौरन इसका ऐलान कर दिया। उत्तर कोरिया के वरिष्ठ अधिकारी के अमेरिका पहुंचने पर पूरी दुनिया की निगाह लगी रही। ट्रंप से मुलाकात से पहले उनकी कई अमेरिकी अधिकारियों से मुलाकात हुई और आखिरकार कोशिश रंग लाई।

    देश और दुनिया का हाल जानने के लिए जुड़े रहे पंजाब केसरी के साथ।