BREAKING NEWS

चिदंबरम के बचाव में प्रियंका, बोली-केंद्र की असफलताओं को उजागर करने की भुगत रहे है सजा◾उत्तर प्रदेश : योगी कैबिनेट का हुआ विस्तार, 23 मंत्रियो ने ली शपथ ◾कश्मीर मामले पर ट्रंप ने फिर की मध्यस्थता की पेशकश, कहा- PM मोदी से करूंगा बात◾INX मीडिया : चिदंबरम की बढ़ी मुश्किलें, ईडी ने जारी किया लुकआउट नोटिस ◾मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल गौर के निधन पर PM मोदी ने किया शोक किया व्यक्त ◾भारतीय सेना ने लिया अभिनंदन का बदला, गिरफ्तार करने वाले पाक कमांडो को किया ढेर◾चिदंबरम के लिए कयामत की रात, जेल या बेल पर फैसला सुबह ◾पंजाब, हरियाणा में बनी हुई है बाढ़ की स्थिति◾अयोध्या मामला : हिंदू निकाय ने न्यायालय से कहा: 12 वीं सदी में मंदिर के अस्तित्व का उल्लेख ◾INX मीडिया घोटाला : सीबीआई और ED ने चिदंबरम पर कसा शिकंजा , घर पर लगाया नोटिस, तलाशी अभियान अब भी जारी...◾PM मोदी ने ब्रिटिश प्रधानमंत्री को फोन कर लंदन में भारतीयों पर हुए हमले का उठाया मुद्दा ◾असम में NRC भारत का आंतरिक मामला : जयशंकर ◾गडकरी और जावड़ेकर ने एम्स जाकर जेटली की सेहत की जानकारी ली ◾अनुच्छेद 370 हटने के बाद बारामूला में पहली मुठभेड़ ◾आम आदमी पार्टी के विधायक संदीप कुमार अयोग्य घोषित◾कश्मीर मुद्दे पर रक्षा मंत्री की US रक्षा मंत्री से बात , राजनाथ बोले - ये हमारा अंदरूनी मसला◾चंद्रयान-2 ने चांद की कक्षा में सफलतापूर्वक किया प्रवेश , अब ISRO का ध्यान ‘सॉफ्ट लैंडिंग’ पर ◾TOP 20 NEWS 20 August : आज की 20 सबसे बड़ी खबरें◾योगी मंत्रिमंडल का पहला विस्तार बुधवार को होगा ◾अमित शाह ने बीजेपी नेताओं के साथ की बैठक, राज्यों में चुनाव संबंधी अहम जिम्मेदारी सौंपी ◾

देश

CBI के काम को लेकर CJI बोले - जब किसी मामले का राजनीतिक रंग नहीं होता , तब अच्छा काम क्यों करती है

प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई ने मंगलवार को केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो के एक कार्यक्रम में सवाल किया कि ऐसा क्यों होता है कि जब किसी मामले का कोई राजनीतिक रंग नहीं होता, तब सीबीआई अच्छा काम करती है।

 

न्यायमूर्ति गोगोई ने दो वर्ष के अंतराल के बाद आयोजित किए गए डी पी कोहली स्मारक व्याख्यान के 18वें संस्करण में एजेंसी की कमियों और ताकतों के बारे में स्पष्ट बात की और उसे आगे बढ़ने के बारे में सलाह भी दी।

 

उन्होंने कहा, ‘‘यह सच है, कि कई हाई प्रोफाइल और संवेदनशील मामलों में एजेंसी न्यायिक जांच के मानकों को पूरा नहीं कर पाई है। यह बात भी उतनी ही सच है कि इस प्रकार की खामियां संभवत: कभी-कभार नहीं होती। ’’ 

न्यायमूर्ति गोगोई ने कहा कि इस प्रकार के मामले प्रणालीगत समस्याओं को उजागर करते हैं और संस्थागत आकांक्षाओं, संगठनात्मक संरचना, कामकाज की संस्कृति और शासी राजनीति के बीच समन्वय की गहरी कमी की ओर संकेत करते हैं। 

उन्होंने कहा, ‘‘ऐसा क्यों है कि जब किसी मामले का कोई राजनीतिक रंग नहीं होता, तब सीबीआई अच्छा काम करती है। इसके विपरीत स्थिति के कारण विनीत नारायण बनाम भारत संघ मामला सामने आया, जिसमें उच्चतम न्यायालय ने एजेंसी की सत्यनिष्ठा की रक्षा करने के लिए स्पष्ट दिशानिर्देश तय किए।’’