BREAKING NEWS

यदि सावरकर प्रधानमंत्री होते तो पाकिस्तान नहीं होता : उद्धव ठाकरे ◾राहुल ने अब्दुल्ला की हिरासत की निंदा की, तत्काल रिहाई की मांग की ◾नये वाहन कानून को लेकर ज्यादातर राज्य सहमत : गडकरी ◾यशवंत सिन्हा को श्रीनगर हवाईअड्डे से बाहर निकलने की नहीं मिली इजाजत, दिल्ली लौटे ◾2014 से पहले लोगों को लगता था कि क्या बहुदलीय लोकतंत्र विफल हो गया : गृह मंत्री◾देखें VIDEO : सुखोई 30 MKI से किया गया हवा से हवा में मार करने वाली ‘अस्त्र’ मिसाइल का प्रायोगिक परीक्षण◾नौसेना में 28 सितंबर को शामिल होगी स्कॉर्पीन श्रेणी की दूसरी पनडुब्बी ‘खंडेरी’ ◾भारत और चीनी सैनिकों के बीच झड़प नहीं हुई बल्कि यह तनातनी थी : जयशंकर ◾फारूक अब्दुल्ला की नजरबंदी लोकतंत्र पर दूसरा हमला : NC ◾JNU छात्रसंघ चुनाव में चारों पदों पर संयुक्त वाम के उम्मीदवारों की जीत ◾राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति सहित कई नेताओं ने PM मोदी को जन्मदिन की दी बधाई◾अयोध्या विवाद : SC ने वकीलों से बहस पूरी करने में लगने वाले समय के बारे में मांगी जानकारी◾J&K : पाकिस्तानी रेंजरों ने फिर किया संघर्ष विराम का उल्लंघन , भारतीयों जवानों ने दिया मुहतोड़ जवाब◾TOP 20 NEWS 17 September : आज की 20 सबसे बड़ी खबरें◾भारत को एक पड़ोसी देश से ‘अलग तरह की चुनौती, उसे सामान्य व्यवहार करना चाहिए : जयशंकर ◾जन्मदिन पर PM मोदी ने मां हीराबेन से की मुलाकात, साथ में खाया खाना◾गृह मंत्री अमित शाह बोले- देश की सुरक्षा को लेकर कोई समझौता बर्दाश्त नहीं ◾आज देश सरदार पटेल के एक भारत-श्रेष्ठ भारत के सपने को साकार होते हुए देख रहा है : PM मोदी◾मायावती ने कांग्रेस पर साधा निशाना, कहा- गैर भरोसेमंद और धोखेबाज है◾शारदा चिट फंड घोटाला : कोलकाता HC ने राजीव कुमार की अग्रिम जमानत याचिका पर सुनवाई से किया इनकार◾

अन्य राज्य

मद्रास हाई कोर्ट ने NGT के 100 करोड़ रुपये के जुर्माने को चुनौती देने वाली याचिका की खारिज

मद्रास उच्च न्यायालय ने बकिंघम नहर, अड्यार और कूवम नदियों की सफाई नहीं करने के कारण तमिलनाडु सरकार पर एक सौ करोड़ रूपए का जुर्माना करने के राष्ट्रीय हरित अधिकरण के आदेश को चुनौती देने वाली राज्य सरकार की याचिका खारिज शुक्रवार को खारिज कर दी। 

न्यायमूर्ति आर सुबैया और न्यायमूर्ति सी सरवनन की खंडपीठ ने कहा कि यह याचिका विचार योग्य नहीं है। पीठ ने कहा कि राष्ट्रीय हरित अधिकरण कानून की धारा 22 के अनुसार अधिकरण के किसी भी आदेश के खिलाफ केवल उच्चतम न्यायालय में अपील की जा सकती है। उच्च न्यायालय ने यहां अड्यार और कूवम नदियों तथा बकिंघम नहर को पुनजीर्वित करने में सरकार की नाकामी के लिए एनजीटी-दक्षिण क्षेत्र द्वारा लगाए 100 करोड़ रुपये जुर्माने पर नौ अप्रैल को अंतरिम रोक लगाई थी। 

सरकार को केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) को जुर्माने की राशि का भुगतान करने का निर्देश देते हुए अधिकरण ने 13 फरवरी के अपने आदेश में कहा था कि इस धनराशि का इस्तेमाल जल स्रोतों को पुनर्जीवित करने में किया जाए। सरकार ने एनजीटी के आदेश को चुनौती देते हुए दलील दी थी कि यह आदेश बगैर सोच विचार के ही गलत तथ्यों के आधार पर दिया गया है।