श्मशान घाटों पर रखी लावारिस अस्थियों को एकत्रित कर किया जायेगा गंगा में प्रवाहित


देश-विदेश के श्मशान घाटों पर रखी लावारिस अस्थियों को एकत्रित कर गंगा में प्रवाहित करने के लिये श्री देवात्थान सेवा समिति की 16वीं अस्थि कलश यात्रा 8 सितंबर को यहां से रवाना होगी।

समिति के अध्यक्ष अनिल नरेंद और महासचिव विजय शर्मा ने आज यहां बताया कि इस बार हिमाचल, राजस्थान, हरियाणा, महाराष्ट्र, जम्मू-कश्मीर, दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र से 5450 शवों की अस्थियों को एकत्रित किया गया है।

उन्होंने बताया कि शुक्रवार को सुबह नौ बजे से दस बजे तक आईटीओ स्थित शहीदी पार्क के सामने अस्थि कलशों को पुष्पांजलि अर्पित करने के बाद यात्रा हरिद्वार के लिये रवाना होगी।

नौ सितंबर को हरिद्वार के कनखल स्थित सती घाट पर पारंपरिक तरीके से अस्थि कलशों का विसर्जन किया जायेगा।

श्री शर्मा ने बताया कि पिछले दो दिन में अस्थियों को साफ करने का काम पूरा किया गया। उन्होंने बताया कि पिछली 15 यात्राओं के दौरान 116063 अस्थियों का विसर्जन किया गया है। सबसे अधिक 16000 हजार अस्थियां 2005 में विसर्जित की गयी थी। पिछले साल पाकिस्तान से 160 अस्थि कलश लाये गये थे। इससे पहले 2011 में भी पाकिस्तान से 135 अस्थि कलश लाकर गंगा में विसर्जित किये गये थे।