विश्व के 3 ऐसे ऐतिहासिक झूठ जिसने पूरे भारत की आँखों में धूल झोंखी


विश्व में ऐसे-ऐसे झूठ बोले गए हैं जिसका कोई भी अंदाजा नहीं लगा सकता है। अक्सर देखा गया है की लोग ऐसी चीजों को लेकर झूठ बोल देते हैं जिसका कोई सबूत नहीं होता है। ऐसा भी देखने को मिला है कि दुनिया उन पर अक्सर ऐसे झूठ बोल देते हैं जो किसी भी देश के महापुरुष में से होते हैं और ऐसा करने पर बहुत से लोगों की भवानाओं के साथ खिलवाड़ करते हैं। आज हम ऐसे ही कुछ झूठ के बारे में बात करेंगे जो कि भारत के ऐसे महापुरुषों को लेकर बोले थे कि जिसकी वजह से भारत के लोगों को बेवकूफ बनाया गया था।

चलिए जानते हैं क्या थे भारत के ऐसे झूठ जिससे लोगों की भावनाओं को आहत किया गया था-

हिंदी को हमारे देश की राज भाषा और आधिकारिक भाषा का दर्जा दिया है

हिंदी हमारे देश की राजभाषा है लेकिन आधिकारिक भाषा नहीं है। भारत में 22 आधिकारिक भाषाएँ है जो की सरकार ने इस बारे में देश के लोगों से झूठ बोलै है । अपने राज्य की आधिकारिक भाषाओं को पूरी तरह से विस्तार दे सके।

1960 रोम ओलंपिक में मिल्खा सिंह ने पीछे मुड़कर देखा था

भारत क भूतपूर्व धावक मिलका सिंह ने रोम में 400 मीटर की दौड़ में कभी भी पीछे मुड़के नही देखा था। इस ओलम्पिक में वो कभी भी आगे नही थे। वो इस रेस में पांचवे स्थान पर थे । इस ओलम्पिक में उन्होंने चौथा स्थान प्राप्त किया था ।

महात्मा गांधी का फिरंगी के साथ डांस

महात्मा गांधी को इस चित्र में एक फिरंगी महिला के साथ नृत्य करते हुए दिखाया गया था । किन्तु यह एक अभिनेता है जो गांधी जी की तरह वेशभूषा धारण कर रखी है । वो एक शो के दौरान यह डांस करते हुए यह तस्वीर ली गयी थी।