पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी जी का 93 साल की उम्र में 16 अगस्त 2018 को निधन हो गया । बताया जा रहा है की अटल जी की तबियत 2009 से ही नासाज़ रहने लगी थी । वह तभी से व्हीलचेयर का सहारा लेने लगे थे।

निष्ठा से भरा हुआ था वाजपेयी जी का जीवन

आपको बता दें की वाजपेयी जी 3 बार भारत के प्रधानमंत्री रहे हैं जिसमे से सबसे पहली बार 1 दिन के लिए , दूसरी बार 13 दिन के लिए और तीसरी बार पुरे 5 साल के लिए। अटल जी ऐसे पहले गैर कांग्रेसी प्रधानमंत्री थे जिन्होंने अपना 5 साल का कार्यकाल पूर्ण किया।

वाजपेयी जी

वाजपेयी जी के पिता श्री कृष्ण बिहारी वाजपेयी पेशे से शिक्षक थे और माता कृष्णा ग्रहणी थी । अटल जी के परिवार में उनके तीन बड़े भाई और तीन बहनें भी थीं। वाजपेयी जी ने अपनी प्रारम्भिक शिक्षा ग्वालियर के सरस्वती विद्या मंदिर बाड़ा से प्राप्त की।

वाजपेयी जी

अटल जी बचपन से ही काफी प्रखर बुद्धि के थे 16 साल की उम्र में वह राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जुड़े। इसके बाद अटल जी ने स्वयंसेवक संघ के कार्यकर्ता के तौर पर अपना पूरा जीवन अविवाहित बिताने का निर्णेय लिया।

वाजपेयी जी

साल 2004 के लोकसभा चुनाव में जब अटल बिहारी जी की तरफ से शपथ पत्र जमा किया गया तब उसमे वाजपेयी जी की चल-अचल संपत्ति 3099232.41 रुपए थी।

वाजपेयी जी

पूर्व प्रधानमंत्री रहने की वजह से उन्हें सरकार की तरफ से 20000 मासिक पेंशन और सचिविय सहायता के लिए 6000 का ख़र्च भी उपलब्ध कराया जाता था। 2004 के शपथ पत्र के अनुसार वाजपेयी जी के नाम पर दिल्ली के ईस्ट ऑफ़ कैलाश में एक फ्लैट भी है जिसकी उस समय क़ीमत 22 लाख रुपए थी।

वाजपेयी जी

अटल जी के पैट्रिक निवास शिंदे छावनी कमल सिंह का बाग़ की क़ीमत 2004 में 6 लाख रुपए थी। 2004 के शपथ पत्र के अनुसार वाजपेयी जी की कुल सम्पत्ति 2004 में 2800000 रुपए थी। भारतीय क़ानून के अनुसार उनकी सम्पत्ति उनकी दत्तक पुत्री नमिता और दामाद रंजन भटाचार्य को मिल सकती है।

जब अटल बिहारी वाजपेयी ने कहा कि राजीव गांधी की वजह से जिंदा हूं