हल्द्वानी: निजी अस्पताल में आयकर विभाग की छापेमार कार्यवाही से हड़कंप मच गया। साथ ही अस्पताल प्रबंधन से जुड़े लोगों के घरों पर भी आयकर विभाग ने छापे मारे। टीम ने कंप्यूटर, हार्ड डिस्क व दूसरे कागजात कब्जे में ले लिये और जांच शुरू कर दी। इस कार्यवाही को टीम ने किराये के वाहनों से अंजाम दिया। आयकर विभाग की टीम ने कालाढूंगी रोड स्थित एक निजी चिकित्सालय में गुरूवार की प्रातः अचानक छापा मार दिया। इससे वहां हड़कंप मच गया। इसी बीच टीम ने चिकित्सालय के मुख्य प्रबंधक समेत उनसे जुड़े लोगों के आवासों में भी छापेमार कार्यवाही शुरू कर दी।

बताया जाता है कि प्रातः करीब 9.30 बजे तीन वाहनों में निजी अस्पताल में आयकर विभाग के अधिकारी पुलिस फोर्स के साथ पहुुंचे। उस समय अस्पताल में प्रबंधन से जुड़ा कोई व्यक्ति मौजूद नहीं था। इसके चलते स्टाफ में खलबली मच गई। टीम ने अस्पताल के एकाउंट सेक्शन, फार्मेसी, प्रशासनिक विभाग में जाकर पूछताछ शुरू कर दी। कुछ ही देर में अस्पताल के मुख्य प्रशासनिक अधिकारी भी वहां पहुंच गए। आयकर विभाग ने पहले उनसे पूछताछ की। बाद में सारा रिकार्ड कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। टीम ने प्रशासनिक अधिकारी को उनके चैंबर में ही बैठा लिया। इस दौरान टीम ने महत्वपूर्ण दस्तावेज कब्जे में ले लिये। टीम छापेमारी के दौरान अस्पताल का सारा रिकार्ड कब्जे लेकर छानबीन करती रही, लेकिन टीम के कुछ सदस्य अस्प्ताल का चप्पा-चप्पा छानते रहे।

ओपीडी काउंटर, फार्मेसी, लैब आदि स्थानों पर घूम-घूमकर सदस्य जानकारी जुटाते रहे। अचानक छापेमार कार्यवाही से अस्पताल में भर्ती मरीज भी सहमे हुए दिखे। जबकि स्टाफ मौन धारण किए हुए था। जब प्रातः एकाएक टीम अस्पताल पहुंची और मुख्य प्रशासनिक दफ्तर में अपना परिचय पत्र दिया तो स्टाफ में खलबली मच गई। पर्चे बनने का काम ठप हुआ तो मरीज व उनके तीमारदार भी परेशान हो गए। इधर फिलहाल आयकर विभाग के किसी भी अधिकारी ने कोई आधिकारिक बयान अभी तक नहीं दिया है। माना जा रहा है कि आयकर विभाग की टीम देहरादून से आई। टीम ने जिन कोठियों पर छापेमारी की है। वहां पर टीम के साथ सर्राफ वेल्युलर भी मौजूद रहे।

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– संजय तलवाड़