BREAKING NEWS

Bilkis Bano case : उम्रकैद की सजा पाए सभी 11 दोषी गुजरात सरकार की क्षमा नीति के तहत रिहा◾Independence Day 2022 : पीएम मोदी ने स्वतंत्रता दिवस की बधाई देने वाले वैश्विक नेताओं का किया आभार व्यक्त ◾Independence Day 2022 : सीमा पर तैनात भारत और पाकिस्तान के सैनिकों ने मिठाइयों का किया आदान प्रदान ◾Independence Day 2022 : विश्व नेताओं ने स्वतंत्रता के 75 वर्षों में भारत की उपलब्धियों की सराहना की◾Independence Day 2022 : लाल किले की प्राचीर से पीएम मोदी ने दिया 'जय अनुसंधान' का नारा,नवोन्मेष को मिलेगा बढ़ावा◾स्वतंत्रता दिवस पर गहलोत ने फहराया झंडा! CM ने कहा- देश के स्वर्णिम इतिहास से प्रेरणा ले युवा ◾क्रूर तालिबान का सत्ता में एक साल पूरा : कितना बदला अफगानिस्तान, गरीबी का बढ़ा दायरा ◾नगालैंड : स्वतंत्रता दिवस पर उग्रवादियों के मंसूबे नाकाम, मुठभेड़ में असम राइफल्स के दो जवान घायल◾शशि थरूर के टी जलील की विवादित टिप्पणी पर भड़के, कहा- देश से ‘तत्काल' माफी मांगनी चाहिए◾विपक्ष का मोदी पर तीखा वार, कहा- महिलाओं के प्रति अपनी पार्टी का रवैया देखें प्रधानमंत्री◾स्वतंत्रता दिवस की 76 वी वर्षगांठ पर सीएम ने किया 75 ‘आम आदमी क्लीनिक’ का उद्घाटन ◾Bihar: 76वें स्वतंत्रता दिवस पर बोले नीतीश- कई चुनौतियों के बावजूद बिहार प्रगति के पथ पर अग्रसर ◾मध्यप्रदेश : आपसी झगड़े के बीच बम का धमाका, एक की मौत , 15 घायल◾बेटा ही बना पिता व बहनों की जान का दुश्मन, संपत्ति विवाद के चलते की धारदार हथियार से हत्या ◾स्वतंत्रता दिवस पर मोदी की गूंज! पीएम ने कहा- हर घर तिरंगा’ अभियान को मिली प्रतिक्रिया...... पुनर्जागरण का संकेत◾उधोगपति मुकेश अंबानी के परिवार को जान से मारने की धमकी, जांच शुरू◾स्वतंत्रता दिवस पर बोले केजरीवाल- 130 करोड़ लोगों को मिलकर नए भारत की नीव रखनी है, मुफ्तखोरी को लेकर कही यह बात ◾Independence Day 2022 : देश में सहकारी प्रतिस्पर्धी संघवाद की जरूरत : पीएम मोदी ◾कांग्रेस नेता पवन खेड़ा का केंद्र पर कटाक्ष- पीएम अपने आठ साल का ब्यौरा देंगे लेकिन मोदी ने जनता को किया निराश◾Independence Day: आजादी अमृत महोत्सव पर योगी बोले- 76वें स्वतंत्रता दिवस पर...संसदीय लोकतंत्र पर गर्व होना चाहिए ◾

कल से शुरु होने जा रहे हैं शारदीय नवरात्रि, यहाँ जानें कलश स्थापना से लेकर शुभ मुहूर्त

कल यानि 29 सितंबर से शारदीय नवरात्रि का शुआरंभ हो रहा है। नवरात्रि के नौ दिनों में मां दुर्गा के 9 रुपों की पूजा की जाती है। रवि योग शुरू होने की वजह से यह बहुत शुभ है वहीं इस साल बेहद शुभ आठ संयोग बन रहे हैं। इस नवरात्रि में श्रद्घा पूर्वक देवी की प्रर्थना कर आप माता रानी का आर्शीवाद प्राप्त कर सकते हैं। तो आइए आज हम आपके नवरात्रि में कलश स्थापना के बारे में कुछ खास बातें बताते हैं। 

शारदीय नवरात्रि रवि योग से हो रहा है शुरू 

इस बार शारदीय नवरात्रि रविवार से शुरू होने की वजह से बहुत शुभ माने जा रहे हैं। रवि योग से शुरू होने वाले शारदीय नवरात्रि इसलिए भी शुभ हैं क्योंकि ये उन्नति का परिचायक होता है। इस नवरात्रि दुर्गा मां हाथी पर सवार होकर आ रही हैं जो अच्छी वर्षा और समृद्घि कृषि का संकेत देता है। 

कलश स्थापना का शुभ संयोग

इस शारदीय नवरात्रि में कलश स्थापना का संयोग काफी ज्यादा शुभ है। कलश स्थापना के वक्त शुक्र ग्रह का उदय हो रहा है जो समृद्घि का कारक है। इस शुभ मुहूर्त में कलश स्थापना करके देवी की पूजा करने से भक्तों की आर्थिक समस्याएं दूर होती है। इसके साथ ही नवरात्रि में कलश स्थापना च्रक सुदर्शन मुहूर्त में करना शुभ माना गया है।

लेकिन यदि आप अभिजित मुहूर्त में कलश स्थापना नहीं कर पाएं तो अनुकूल लाभ,शुभ तथै अमृत चौघडिया भी शुभ मानी गई है। यदि आप इन सारे मुहूर्तों में भी घट नहीं बैठा पाए तो सोम,बुध,गुरू और शुक्र में से किसी की भी दिन होरा में कलश स्थापित कर लें। 

कलश स्थापना का शुभ मुहूर्त

नवरात्रि के वैसे तो नौ दिन बहुत शुभ होते हैं,लेकिन नौ दिनों में देवी मां की पूजा करने के लिए कलश स्थापना शुभ मुहूर्त में करना सबसे अच्छा माना जाता है। इस बार कलश स्थापना का शुभ मुहूर्त 6 बजकर 16 मिनट से 7 बजकर 40 मिनट तक का है। 

इसके साथ ही यदि आप किसी कारण वश सुबह के वक्त कलश स्थापित नहीं कर पाएं हैं तो दिन के समय 11 बजकर 48 मिनट से 12 बजकर 35 मिनट तक आप कलश स्थापना कर सकते हैं। बता दें कि दोपहर का यह मुहूर्त भी अत्यंत शुभ है।

कलश स्थापित करने के लिए सभी लोगों को हमेशा नदी की रेत का इस्तेमाल करना चाहिए। इस रेत में सबसे पहले जौ डाल लें। उसके बाद कलश में इलायची,गंगाजल,पान,लौंग,रोली,सुपारी,कलावा,हल्दी,चंदन,रुपया,अक्षत,फूल आदि डाल लें। इसके बाद आप ॐ भूम्यै नमः का जाप करते हुए कलश को सात तरह के अनाज के साथ रेत के ऊपर रख दें और मंदिर में जहां पर कलश स्थापित किया हैं वहां नौ दिनों तक अखंड दीपक जलाएं।