आम आदमी पार्टी (AAP) को लोकसभा चुनाव से पहले पंजाब में करारा झटका लगा है। पार्टी के कुल 16 नेताओं ने सोमवार को पार्टी का साथ छोड़ दिया। सामूहिक इस्तीफा देने वाले नेताओं में 5 जिला अध्यक्ष, 6 क्षेत्रीय प्रभारी और 2 महासचिव हैं।

इस्तीफा देने वाले इन नेताओं ने राज्य के सह-अध्यक्ष डॉ. बलबीर सिंह पर तानाशाही फैसले लेने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि बलबीर सिंह के फैसलों से ‘राज्य में पार्टी की लोकप्रियता कम हो रही है।’

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चंडीगढ़ के 16 नेताओं ने पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और पंजाब पार्टी मामलों के प्रभारी मनीष सिसोदिया को अपना इस्तीफा भेजा है। इन सभी का इस्तीफा मंजूर हुआ है या नहीं, अभी तक इसकी जानकारी नहीं मिल पाई है। पंजाब यूनिट में आप की एक साथ 16 नेताओं के इस्तीफे को पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल के लिए भी बड़ा झटका माना जा रहा है।

बता दें कि पटियाला ग्रामीण जिला प्रमुख पद से ज्ञान सिंह मुंगो को हटाने के विरोध में पार्टी में ये सामूहिक इस्तीफे दिए गए हैं। बागी नेताओं के मुताबिक, जब से पार्टी की शुरुआत हुई, तब से वो पार्टी में निस्वार्थ भाव से काम कर रहे थे। लेकिन, हाल की घटनाओं ने राज्य में पार्टी की संभवानाओं को खतरे में डाल दिया है। इस संकट से पार्टी बंटने की कगार पर खड़ी हो गई है। वही, इन नेताओं ने पार्टी को उचित बदलाव की नसीहत भी दी है।