50 साल तक सरकार चलाने का लक्ष्य लेकर काम करें बीजेपी कार्यकर्ता : अमित शाह


भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने आज पार्टी कार्यकर्ताओं से चुनाव में 50 प्रतिशत से अधिक मत प्राप्त करने और 50 साल तक सरकार चलाने के लक्ष्य को लेकर कार्य करने का आह्वान किया ।

पार्टी के विस्तार के लिए चलाये जा रहे कार्यक्रम ‘संपर्क फॉर समर्थन’ के तहत उत्तराखंड के एक दिवसीय दौरे पर आये भाजपा अध्यक्ष शाह ने यहां सोशल मीडिया वॉलिन्टियर सम्मेलन में पूरे प्रदेश से जुटे कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि इस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए कठोर परिश्रम करने के साथ ही समुचित रणनीति अपनानी होगी ।

विपक्षी दलों पर केवल सत्ता के लिए राजनीति करने का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा, ‘‘आज देश 2019 के लोकसभा चुनावों के मोड पर है । देश में विचारधाराओं का जो दंगल चल रहा है उसमें हमारी विचारधारा राष्ट्रवाद और अपनी संस्कृति को आगे बढ़ाने की भावना से जुड़ी है । हम फिर से देश का प्राचीन गौरव लौटाना चाहते हैं । यह कार्य कठिन और कठोर है लेकिन हमने इसे जानबूझकर चुना है।’’

शाह ने कहा कि एक समय में देश में कांग्रेस बनाम अन्य दल हुआ करते थे लेकिन आज उनकी पार्टी एक तरफ और बाकी विरोधी दल दूसरी तरफ हैं ।

हांलांकि, उन्होंने कहा, ‘‘ यदि हम 50 प्रतिशत मत प्राप्त कर लेते हैं और बाकी सभी एक भी हो जायें तो भी हमें कोई नहीं हरा सकता। साथ ही हमें विजय को स्थायित्व भी देना है इसलिये हमें 50 वर्ष तक पंचायत से संसद तक सरकारें चलाने का लक्ष्य लेकर काम करना है ।’’

इस युद्ध में सोशल मीडिया के अपने कार्यकर्ताओं को पार्टी के लिए ‘इन्द्र का वज्र’ बताते हुए भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि कांग्रेस भाड़े के टट्टुओं के सहारे काम कर रही है लेकिन वे चेतक का मुकाबला नहीं कर सकते।

उन्होनें कहा कि सोशल मीडिया के कार्यकर्ताओं को केन्द्र सरकार की उपलब्धियों व योजनाओं, प्रदेश सरकार के कार्यों सहित अन्य विषयों की भी पूरी जानकारी होनी चाहिये। उन्होनें इस संबंध में मोदी एप्प के उपयोग को भी महत्वपूर्ण बताया।

शाह ने कहा कि हमारा कार्यकर्ता भारत माता के लिये कार्य करता है जबकि दूसरे दलों के कार्यकर्ता लाभ के लिये काम करते हैं।  बाद में पार्टी विस्तारकों की एक बैठक में हिस्सा लेते हुए भाजपा अध्यक्ष शाह ने सभी वर्गों को पार्टी से जोडने की आवश्यकता जताते हुए कहा कि कार्यकर्ता पार्टी की आत्मा हैं और उनके विकास से ही पार्टी का विकास होता है।

शाह ने कहा कि बूथ स्तर तक पूरी रचना के बाद पन्ना पमुख बनाने का कार्य भी 31 जनवरी तक पूरा करना है ।

अपने दौरे के दौरान शाह ने अनूसूचित जाति के प्रमुख जनों से भी संवाद किया जिसमें उन्होंने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि उसने देश में 70 साल में से 55 साल तक सत्ता में रहने के बावजूद दलितों को धोखा देते हुये उनसे केवल वोट प्राप्त करने का काम किया । उन्होंने कहा कि केन्द्र की भाजपा सरकार ने केवल चार वर्षों में दलित समाज के विकास के लिये और उन्हें सम्मान के साथ जीने के लिये अनेक योजनायें प्रारम्भ की हैं ।

सत्ता प्राप्त करने के लिये कांग्रेस पर समाज के अन्दर जहर फैलाने तथा कई प्रकार के भ्रम उत्पन्न करने की कोशिश करने का आरोप लगाते हुए शाह ने भरोसा दिलाया कि भाजपा एससी-एसटी एक्ट को किसी भी स्थिति में कमजोर नहीं होने देगी और उसने इस एक्ट को और मजबूत ही किया है।  उन्होनें खुले शब्दों में कहा कि भाजपा न आरक्षण समाप्त करेगी और न समाप्त होने देगी।  उन्होंने कहा कि राहुल गांधी झूठ बोलकर भ्रान्तियां पैदा कर रहे हैं।

शाह ने लोकसभा चुनाव प्रबंधन समिति की बैठक में भी हिस्सा लिया तथा चुनाव की तैयारियों व रणनीतियों पर चर्चा की तथा सदस्यों को आवश्यक निर्देश दिये।

इससे पहले, शाह ने आज हरिद्वार में पार्टी के ‘संपर्क फॉर समर्थन’ अभियान के तहत गायत्री पीठ शांतिकुंज के प्रमुख प्रणव पंड्या और भारत माता मंदिर के प्रमुख स्वामी सत्यमित्रानंद गिरी से मुलाकात की तथा उनसे अगले साल होने वाले आम चुनावों के लिए समर्थन मांगा ।

शाह ने दोनों आध्यात्मिक संगठनों के प्रमुखों से मुलाकात के दौरान केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार की चार साल की उपलब्धियों के विवरण का प्रपत्र भेंट किया तथा उन्हें जन—जन तक उसे पहुंचाने की भी अपील की ।
अपने तय कार्यक्रम से करीब डेढ घंटा विलंब से शांतिकुंज पहुंचे शाह ने पहले अखंड ज्योति के दर्शन किये । भाजपा अध्यक्ष शाह के साथ प्रदेश के मुख्यमंत्री रावत, पार्टी महासचिव सरोज, प्रदेश पार्टी अध्यक्ष भट्ट, प्रदेश के शहरी विकास मंत्री मदन कौशिक भी मौजूद रहे ।

बाद में शांतिकुंज प्रमुख डॉ. पंड्या और शैल दीदी के साथ लगभग आधा घंटे चली वार्ता में भाजपा अध्यक्ष ने 2019 में होने वाले लोकसभा चुनावों में भाजपा के लिए समर्थन मांगा ।

उन्होंने निवर्तमान शंकराचार्य स्वामी सत्यमित्रानंद महाराज से भी एकांत वार्ता कर पार्टी के लिए समर्थन और सहयोग मांगा ।

हरिद्वार की दोनों प्रमुख संस्थाओं के देश भर में करोडों अनुयायी हैं । विहिप और भाजपा के करीबी माने जाने वाले भारत माता मंदिर के संत सत्यमित्रानंद का भी देश भर खास तौर से गुजरात में व्यापक प्रभाव है ।

दोनों आध्यात्मिक संगठनों के प्रमुखों से मुलाकात के बारे में भाजपा अध्यक्ष शाह ने कुछ नहीं कहा जबकि भाजपा ने इसे शिष्टाचार भेंट बताया । हालांकि, मुलाकात के बाद शांतिकुंज प्रमुख डॉ. पंड्या ने मोदी सरकार के ‘गुड गवर्नेंस’ :सुशासन: की तारीफ की और कहा कि केंद्र सरकार की जनहित की कुछ योजनाओं को जन—जन तक पहुंचाने में शांतिकुंज अपनी भूमिका का निर्वहन करेगा ।

एक सवाल के जवाब में उन्होंने साफ किया कि शांतिकुंज भाजपा के पक्ष में सीधे—सीधे समर्थन या वोट देने की घोषणा नहीं करेगा ।

केंद्र सरकार की गंगा स्वच्छता अभियान के तहत ‘नमामि गंगे’ योजना और शांतिकुंज के गंगा स्वच्छता अभियान के बीच फर्क के सवाल पर उन्होंने कहा कि शांतिकुंज ने जनजागरण के माध्यम से नमामि गंगे से अधिक प्रभावी रूप से काम किया है ।

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